इटावा के जसवंतनगर थाना क्षेत्र के हरकूपुर गांव में सात साल पहले प्रेम विवाह करने वाली युवती का शव पुलिस ने शुक्रवार को बंद मकान का दरवाजा तोड़कर निकाला। शव रजाई में लिपटा था। गले पर निशान थे। आशंका जताई जा रही कि उसका गला दबाया गया है।
ससुराल वाले फरार हैं। युवती के पिता ने दामाद, उसके बड़े भाई और भाभी पर हत्या का आरोप लगाते हुए पुलिस को तहरीर दी है। थाना क्षेत्र के हरकूपुर गांव निवासी कुलदीप राजपूत दैनिक मजदूरी करता है। इसी गांव की विद्यावती राजपूत उर्फ खुशबू (24) ने कुलदीप से सात साल पहले प्रेम विवाह किया था।
शादी दोनों परिवारों की मर्जी के बगैर हुई थी। लिहाजा शादी के बाद खुशबू व कुलदीप दोनों ही गांव छोड़कर दिल्ली में रहने लगे थे। करीब साल भर पहले दोनों पांच साल की बेटी के साथ गांव में परिवार के साथ आकर रहने लगे। घर में कुलदीप के माता-पिता, उसका बड़ा भाई व भाभी रहते हैं। इसी गांव में रह रहे विद्यावती के पिता राजकुमार राजपूत ने बताया कि उन्हें पता चला कि उसकी पुत्री की हत्या कर दी गई है।
बेटी के ससुराल वाले घर में ताला डालकर भाग गए हैं। शुक्रवार सुबह करीब साढ़े सात बजे जब वह बेटी के घर पहुंचा तो वहां ताला लटका मिला। पुलिस को 112 नंबर पर सूचना दी। इस पर जसवंतनगर थाना प्रभारी निरीक्षक अनिल कुमार मौके पर पहुंचे।
पुलिस ताला तोड़कर घर में दाखिल हुई। घर के अंदर खुशबू का शव रजाई में लिपटा हुआ जमीन पर रखा मिला। उसकी गर्दन पर निशान देखे गए। जिससे अनुमान लगाया गया कि उसका गला दबाया गया होगा। खुशबू के पिता राजकुमार ने पुलिस को तहरीर दी है।
इसमें आरोप लगाया है कि ससुरालीजन आए दिन उसकी पुत्री को दहेज के लिए परेशान करते थे। दहेज न मिलने पर उसकी पुत्री की हत्या कर दी और ससुराल वाले घर से भाग गए। उन्होंने खुशबू के पति कुलदीप पुत्र लालता प्रसाद, जेठ नीरज व जेठानी मनीषा पर हत्या करने का आरोप लगाया है।
सूचना मिलने पर तहसीलदार रामानुज मौके पर पहुंचे। उधर प्रभारी निरीक्षक अनिल कुमार ने बताया कि शव के गले पर निशान मिले हैं। पोस्टमार्टम के लिए शव को भेजा गया है। रिपोर्ट के आने के बाद कार्रवाई की जाएगी।