प्रीती की शादी 21 नवंबर 2016 को राजकुमार के साथ हुई थी। ससुराल वाले अतिरिक्त दहेज में कार की मांग कर कर रहे थे। मांग पूरी न होने उसका पति उसको मायके छोड़ आया और धमकी दी "कार खरीदने को रुपये लेकर हीं आना, वरना घर मत आना वहीं मर जाना।"
फर्रुखाबादः जहानगंज थाने के खैरा गांव निवासी वीरेंद्र सिंह यादव की बेटी प्रीति (27) की शादी 21 नवंबर 2016 को मोहम्मदाबाद कोतवाली के गांव रोहिला निवासी राजकुमार के साथ हुई थी। पिता ने बताया कि शादी के बाद ससुराल वाले अतिरिक्त दहेज में कार की मांग कर कर रहे थे।
मांग पूरी न होने पर पति राजकुमार, ससुर दफेदार पांच नवंबर 2017 को प्रीति को मायके छोड़ गए। कार खरीदने को रुपये लेकर आने की धमकी दी। इससे परेशान प्रीति ने रविवार की रात कमरे में बिजली का तार हाथ में लपेटकर स्विच चालू कर दिया। करंट लगने से उसकी मौत हो गई।
सोमवार सुबह वीरेंद्र सिंह कमरे में गए तो बेटी बेड पर पड़ी थी। सूचना पर सीओ हजारी लाल, एसओ संजय गुप्ता पुलिस बल लेकर मौके पर पहुंचे। वीरेंद्र ने पुत्री की ससुराल में घटना की जानकारी दी तो वहां से कोई नहीं आया। तहसीलदार सदर ने मौके पर पहुंच कर पंचनामा भरवाया और शव पोस्टमार्टम के लिए भेजा।
वीरेंद्र सिंह यादव ने पति राजकुमार, ससुर दफेदार, सास, ननद पूजा, माधुरी, पवन व वरूण के खिलाफ जहानगंज थाने में दहेज हत्या की रिपोर्ट दर्ज कराई है। वीरेंद्र ने बताया कि 19 नवंबर को पुत्री के पास उसके पति का फोन आया। पति राजकुमार ने कहा कि कार खरीदने को रुपये लेकर हीं आना, वरना घर मत आना वहीं मर जाना। इस कारण पुत्री ने इस घटना को अंजाम दिया है।