चक्रवाती घेरों ने हवाओं की रफ्तार धीमी कर दी। इससे दिन में तापमान अधिक रहा। दोपहर को तपिश ने बेहाल किया। अधिकतम तापमान सामान्य से तीन डिग्री अधिक रहा है। वहीं अरब सागर और बंगाल की खाड़ी से नमी लेकर आ रहीं हवाओं की वजह से ऊंचे बादल बने रहे। इसकी वजह से रात का न्यूनतम तापमान सामान्य से सिर्फ 0.8 डिग्री अधिक रहा है। मौसम विभाग का कहना है कि उत्तर पश्चिमी हवाओं की वजह से सुबह और रात का मौसम अच्छा रहता है। हवाओं के रुख बदलने पर तापमान और बढ़ोत्तरी होगी।
वरिष्ठ मौसम विज्ञानी डॉ. एसएन सुनील पांडेय ने बताया कि सिंध और बलुचिस्तान से गर्म रेगिस्तानी हवाएं गुजरात और राजस्थान में गर्मी बढ़ा रही है। इनका अधिक असर कानपुर परिक्षेत्र पर नहीं है। आठ अप्रैल को पश्चिमी विक्षोभ आएगा। इससे तराई के इलाकों में बूंदाबांदी हो सकती है। इससे तापमान पर नियंत्रण रहेगा। तापमान एकदम से अधिक नहीं होने पाएगा। तापमान में धीरे-धीरे बढ़ोत्तरी होगी। इस सप्ताह कानपुर परिक्षेत्र में तापमान 40 डिग्री पर पहुंच सकता है। सीएसए के मौसम विभाग का पूर्वानुमान है कि पांच दिनों तक ऊंचे बादलों की आवाजाही बनी रहेगी।
तापमान
अधिकतम- 38.2 डिग्री सेल्सियस
न्यूनतम- 16.6 डिग्री सेल्सियस