यही नहीं, तापमान में अधिक अंतर होना बीमारी की वजह माना जाता है। इस बीच सोमवार को अधिकतम तापमान 28 और न्यूनतम 10 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया। बताया कि दिसंबर से ठंडक का असर और तेज होगा। तब दिन में भी पारा नीचे जाने की संभावना है।
तीसरे दिन भी 350 एक्यूआई रहा नेहरूनगर का
पिछले तीन दिन से नेहरूनगर में खराब चल रही हवा की गुणवत्ता में सोमवार को भी सुधार नहीं हुआ। वहीं, किदवईनगर और कल्याणपुर में भी एयर क्वालिटी इंडेक्स 300 के करीब रहा। नेहरूनगर में जहां अधिकतम एक्यूआई 380 दर्ज किया गया। वहीं, किदवईनगर में एक्यूआई 286 और कल्याणपुर में 273 तक पहुंच गया।
तीन दिन से लगातार इन क्षेत्रों में हवा की गुणवत्ता खराब रहने की वजह से इन क्षेत्रों में सांस संबंधी दिक्कतों का पहले से सामना कर रहे लोगों की मुश्किल और बढ़ सक ती हैं। वहीं, प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के अधिकारियों ने पहले ही सुबह और रात के समय टहलना और खुले में योगा या कसरत करने से बचने की सलाह दे दी है।
शहर से होगी 21 जिलों के मौसम की मॉनीटरिंग
शहर से आसपास के 21 जिलों के मौसम की स्थिति पता किया जाएगा। इसके लिए चंद्रशेखर आजाद कृषि एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय के मौसम विभाग की ओर से आठ स्थानों पर रेनगेज मीटर और दो स्थानों पर ऑटोमेटिक वेदर स्टेशन स्थापित किए गए हैं।
मौसम विशेषज्ञ डॉ. एसएन पांडेय के अनुसार रेनगेज से स्थानीय स्तर पर बारिश की स्थिति कैसी रहेगी, यह पता लगाया जाता है। वेदर स्टेशन बारिश के अलावा तापमान व हवा की गति को भी बताता है। उन्होंने बताया कि मौसम में लगातार स्थानीय स्तर पर आ रहे बदलाव को देखते हुए कानपुर क्षेत्र के सभी जिलों के ब्लॉक स्तर पर वेदर स्टेशन स्थापित करने की जरूरत है। इसके लिए शासन को प्रस्ताव भेजा गया है।