कानपुर आईआईटी की पीएचडी छात्रा के यौन उत्पीड़न का मामले में पूर्व एसीपी मोहसिन खान ने एसआईटी की नोटिस पर जवाब दिया है। छात्रा ने कोर्ट में दर्ज अपने कलम बंद बयान में भी मोहसिन पर कई आरोप लगाए हैं।
कानपुर आईआईटी की पीएचडी छात्रा के यौन उत्पीड़न के मामले में आरोपी पूर्व एसीपी मोहसिन खान ने नोटिस का जवाब दिया है। मोहसिन ने जानकारी दी है कि उसके बेटे और पत्नी की तबीयत खराब है, दोनों अस्पताल में भर्ती हैं।
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तबीयत ठीक होने के बाद वह बयान देने के लिए खुद एसआईटी के पास आएंगे। वहीं, पीड़ित छात्रा ने अभी बयान दर्ज नहीं कराए हैं। आईआईटी से पीएचडी कर रही एक छात्रा ने पिछले माह कल्याणपुर थाने में तहरीर देकर पूर्व एसीपी पर शादी का झांसा देकर शारीरिक संबंध बनाने का आरोप लगाया था।
छात्रा के मेडिकल के बाद गठित एसआईटी ने पीड़िता समेत 15 लोगों के बयान दर्ज किए। छात्रा ने कोर्ट में दर्ज अपने कलम बंद बयान में भी मोहसिन पर कई आरोप लगाए हैं।
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छात्रा ने बताया कि वह मोहसिन को केवल सबक सिखाना चाहती है न कि सजा दिलाना। पुलिस अधिकारियों ने मोहसिन खान को मानवीयता के आधार पर समय दे दिया है।
साक्ष्यों से जुड़ी रिपोर्ट जल्द भेजने के लिए भेजा रिमाइंडर
इससे पहले, आईआईटी की पीएचडी छात्रा से यौन शोषण मामले की जांच में जुटी एसआईटी ने फॉरेंसिक विभाग को रिपोर्ट के लिए रिमाइंडर भेजा था। अधिकारियों का कहना था कि छात्रा के मोबाइल और लैपटॉप के साथ अन्य उपकरणों की फॉरेंसिक रिपोर्ट को सबूत के रूप में जांच में शामिल किया जाएगा।
साथ ही, कोर्ट को स्थिति से अवगत कराते हुए स्टे हटाकर जांच और चार्जशीट की प्रक्रिया शुरू करने की अनुमति लेकर कार्रवाई की जाएगी। बता दें, आईआईटी छात्रा से यौन शोषण के मामले में फंसे एसीपी मोहसिन खान की गिरफ्तारी और चार्जशीट दाखिल करने पर हाईकोर्ट ने रोक लगा रखी है।
कवायद भी ठंडे बस्ते में चली गई
इसी बात का फायदा लेकर आरोपी न तो जांच में शामिल हो रहा है और न ही पुलिस उससे बयान दर्ज कराने के लिए ज्यादा जोर दे रही है। खास बात यह है कि पहले पुलिस आरोपी के जांच में सहयोग न करने पर कोर्ट जाने की तैयारी कर रही थी, लेकिन अब वह कवायद भी ठंडे बस्ते में चली गई है।
रिपोर्ट जल्द भेजने के लिए रिमाइंडर भेजा
छात्रा भी पुलिस के इस ढुलमुल रवैये की वजह से बयान देने के लिए नहीं आ रही। मामले की जांच कर रही एसआईटी के सदस्य व एसीपी कल्याणपुर अभिषेक पांडेय ने बताया कि एफएसएल झांसी को साक्ष्यों से जुड़ी रिपोर्ट जल्द भेजने के लिए रिमाइंडर भेजा गया है। रिपोर्ट आनेे के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।
छात्रा बोली- जांच नहीं कर रही पुलिस
एक के बाद एक दो एफआईआर दर्ज कराने के बाद भी पुलिस मोहसिन खान के खिलाफ कार्रवाई करने से कतरा रही है। दलील हाईकोर्ट के स्टे की दी जा रही है लेकिन पुलिस न तो आरोपी के जांच में शामिल होने और न ही छात्रा को धमकाने के मामले में कार्रवाई करने को तैयार है।
रिसर्च में बाधा बन रही पुलिस
छात्रा का कहना है कि पुलिस छात्रा को भी मोहसिन की हरकतों के बारे में अवगत नहीं करा रही। साथ ही उसके लैपटॉप व मोबाइल को कब्जे में ले लिया है, जिससे उसकी रिसर्च भी बाधित हो रही है। छात्रा ने पुलिस से मांग की है कि वह जल्द ही उसके डिवाइस उपलब्ध कराए ताकि वह अपनी रिसर्च पूरी कर सके।