केंद्रीय पेयजल, स्वच्छता मंत्री उमा भारती ने स्टीमर से गंगा का किया निरीक्षण
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गंगा निरीक्षण पर आईं केंद्रीय पेयजल, स्वच्छता मंत्री उमा भारती ने कहा कि गंगा में गिरने वाले नाले तो मुड़ गए हैं लेकिन गंदगी अभी बाकी है। आने वाले डेढ़ साल में गंगा किनारे बहुत बदलाव देखने को मिलेंगे। गंगा किनारे गंदगी दूर करने के लिए जनजागरण अभियान शुरू करेंगी। सिर्फ सरकारी मशीनरी के काम करने से कुछ ठीक नहीं होगा।
कानपुर में सरसैया घाट से स्टीमर से गंगा का निरीक्षण के बाद जब वे सीसामऊ नाले के पास पहुंची तो वहां काफी देर तक रुकी रहीं। उन्हें बहुत हल्का लीकेज दिखा, विभागीय अधिकारियों ने बताया कि यह न के बराबर है। एक-दो दिन में यह भी ठीक हो जाएगा।
कैबिनेट मंत्री ने कहा कि कुंभ के पहले स्नान (15 जनवरी) को गंगाजल आचमन योग्य रहेगा। उत्तराखंड से भी भारी मात्रा में जल गंगा में छोड़ा जाएगा। गंगा को 2019 तक निर्मल बनाने का काम पूरा कर लिया जाएगा। गंगा को अविरल करने का काम 2024 तक पूरा होने की उम्मीद है। गंगा अथॉरिटी को एक्ट के तहत गठित करने की योजना पर केंद्र सरकार काम कर रही है। ऐसी स्थिति में राज्य सरकारों के बदलाव के बाद भी गंगा को लेकर जो भी नियम कानून बना दिए जाएंगे, वे स्थायी होंगे। इससे पूर्व उन्होंने सुबह सिद्घनाथ घाट और शाम को सरसैया घाट पर गंगा पूजन भी किया।