फतेहपुर जिले के हुसैनगंज में बच्चों को पीटने के विवाद में रविवार रात दो पक्षों में चले लाठी-डंडे में दस लोग घायल हो गए। सोमवार सुबह एक पक्ष से घायल किसान की कानपुर हैलट में मौत हो गई। पुलिस ने कई नामजद आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है।
घटना हुसैनगंज थाने के गोपीपुर गांव की है। गांव के रजपाल यादव (50) खेती करते थे। रजपाल और पड़ोसी रतिभान यादव के परिवार में जमीन का विवाद चल रहा है। अक्सर विवाद होता था। रविवार शाम रतिभान की बेटी शीला (10) चचेरी छोटी बहन के साथ चारे के बोझ लेकर घर लौट रही थी।
शीला रास्ते में रजपाल के भतीजे विनोद से टकरा गई। विनोद ने शीला की पिटाई कर दी और रोते हुए शीला घर पहुंची। घरवालों को आपबीती बताई। इसी को लेकर दोनों पक्षों के बीच कहासुनी के दौरान मारपीट हो गई। एक दूसरे पर लाठी-डंडे और धारदार हथियार से दौड़ा-दौड़ा कर हमला किया।
गांव में अफरातफरी का माहौल हो गया। सूचना पर 112 नंबर पुलिस पहुंची और दोनों पक्षों के घायलों को पीएचसी से लेकर आई। यहां डाक्टर ने रजपाल यादव की हालत नाजुक देखकर रेफर कर दिया। हैलट कानपुर में रजपाल की सुबह मौत हो गई।
घटना में एक पक्ष से रजपाल के अलावा उसकी पत्नी उर्मिला देवी, पुत्री मिथलेश, पुत्र सर्वेश, भतीजा विनोद, ननकऊ भी घायल हुए। भतीजे विनोद कुमार की तहरीर पर पुलिस ने रतीभान और उसके भाई बुद्दी, बुद्दी की पत्नी सुरेखा, शिवबाबू और उसकी पत्नी कुंती, छेद्दी पत्नी सुल्ली, मलखान, अनिल उर्फ उदल के खिलाफ हमले की रिपोर्ट दर्ज की है।
उधर, रतीभान के भाई सूरजभान की ओर से दिवंगत रजपाल व उनके बेटे सर्वेश, भतीजे विनोद, क्षत्रपाल के खिलाफ मारपीट की रिपोर्ट दर्ज की गई। मारपीट में सूरजभान, रतीभान, सुरेखा, कुंती, छेद्दी को चोटे आई हैं। थानेदार निशिकांत राय ने बताया कि दोनों पक्षों की रिपोर्ट रात को दर्ज की गई थी। रजपाल की कानपुर में मौत की खबर आने के बाद आरोपियों के खिलाफ धाराएं तरमीम की गई हैं। कुछ आरोपियों को पकड़ा गया है।
जमीन विवाद की पुरानी रंजिश
दोनों पक्षों के बीच एक पुराने कच्चे को घर लेकर वर्षों से विवाद चल रहा है। घर पर रजपाल ने कब्जा कर लिया था। कब्जा करने का रतीभान पक्ष विरोध करता था। रजपाल घर को बनवाने की कोशिश करता था। रतीभान पक्ष निर्माण से रोकता रहा। इसी पर पक्षों के बीच विवाद बना रहा है।