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बुखार की दहशत: इटावा में वायरल से दो मासूमों की मौत और आठ बीमार, पीएचसी में नहीं डॉक्टर; झोलाछाप निशाने पर

Sun, 23 Aug 2026 12:43 AM IST
Shikha Pandey न्यूज डेस्क, अमर उजाला, इटावा

सार

वायरल से दो मासूमों की जान चली गई। जबकि आठ बीमार हैं। पांच बच्चों के नमूने लिए गए। जिसमें डेंगू, टायफाइड और मलेरिया की रिपोर्ट निगेटिव आई। 
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छात्र सतेंद्र की फाइल फोटो व गुनगुन की फाइल फोटो - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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गढ़ाकासदा गांव में वायरल से दो मासूमों की मौत हो गई। आठ बच्चे बीमार हैं। एक बच्चा शहर के निजी अस्पताल में आईसीयू में भर्ती है। बृहस्पतिवार और शुक्रवार को हुई इन मौतों के बाद आननफानन पहुंची स्वास्थ्य विभाग की टीम ने पांच बीमार बच्चों के नमूने लिए। इन बच्चों की डेंगू, टायफाइड और मलेरिया की रिपोर्ट निगेटिव है। ग्रामीणों का कहना है कि गांव में पीएचसी पर डॉक्टर की तैनाती न होने से उन्हें झोलाछाप से इलाज कराना पड़ा।
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गढ़ाकासदा के महेंद्र दोहरे ने बताया कि उनका बेटा छात्र सतेंद्र दोहरे (13) तीन दिन से बीमार था। बृहस्पतिवार रात उसे उल्टी और दस्त हुए। इसके कुछ देर बाद ही उसकी मौत हो गई। इसी तरह तीन दिन से बीमार चल रही मुकेश सिंह की बेटी गुनगुन (12) की भी शुक्रवार दोपहर हालत बिगड़ गई। परिजन उसे उपचार के लिए बाबरपुर, औरैया के निजी डॉक्टर के पास ले गए। यहां डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया। वहीं, अरविंद का पुत्र आशिक (8) का शहर के निजी अस्पताल में आईसीयू में भर्ती है।

यह बच्चे बीमार
कक्षा दो के कुनाल पुत्र मुकेश कठेरिया, मीनाक्षी पुत्री मुकेश, अरविंद की कक्षा सात की प्रिंसी और शिवानी, अरविंद की ही बेटी कक्षा आठ की काजल, कक्षा दो के आर्यन पुत्र श्रीकृष्ण दोहरे, प्रेम सिंह का डेढ़ साल का राघव भी बीमार है।
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दो बच्चों की बीमारी से मौत की सूचना मिली है। डॉक्टरोें की टीम से गांव की निगरानी कराई जा रही है। - रोहित कुमार मौर्य, एसडीएम, चकरनगर
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जिन बच्चों की मौत हुई है। वे पहले से बीमार थे। परिजन ने पहले सूचना नहीं दी थी। परिजन दोनों बच्चों का झोलाछाप से इलाज करा रहे थे। मैंने गांव में शिविर लगाकर जांच की है। सभी बीमार लोगों को दवाइयां दी हैं। गांव की निगरानी की जा रही है। - डॉ. महेश पाल, अधीक्षक, सीएचसी राजपुर
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