कानपुर देहात। बीते दिनों अकबरपुर के मिर्जा तालाब में अवैध खनन का मुद्दा इतना गर्म हुआ कि सांसद व पूर्व सांसद के बीच तीखी झड़प तक हो गई थी। अब अवैध मिट्टी खनन व परिवहन में सीधे राजस्व कर्मियों की जिम्मेदारी तय की गई है। डीएम ने सभी एसडीएम, सीओ, एआरटीओ व सहायक आयुक्त वाणिज्यकर को दिए निर्देश दिए हैं।
डीएम की ओर से कोई मिट्टी खनन की अनुमति नहीं दी गई है। इधर कई स्थानों से अवैध मिट्टी खनन की खबरें आती रहती हैं। यह तब है जबकि जनपद स्तर पर टास्क फोर्स तय है। इसपर रोक नहीं लगने और आए दिन मिट्टी खनन व परिवहन की शिकायतें मिलने के प्रभावी निदान के लिए डीएम कपिल सिंह ने अफसरों व कर्मियों की जिम्मेदारी तय की है। डीएम ने निर्देश दिए हैं कि अवैध मिट्टी खनन और परिवहन पकड़े जाने पर तत्काल पुलिस, परिवहन व वाणिज्य कर और उन्हें आख्या भेजी जाए। तीनों विभागों के अवमुक्त संबंधी आदेश के बाद ही सीज किया गया वाहन छोड़े जाए।
वहीं, तहसील व थाना स्तर पर मिट्टी खनन व परिवहन में अब राजस्व कर्मियों द्वारा सीधे एसडीओ को सूचना दी जाएगी। अन्यथा की स्थिति में सीधी जिम्मेदारी मानी जाएगी। वहीं संबंधित थाना प्रभारी अवैध मिट्टी खनन व परिवहन की सूचना एसडीएम व सीओ को देंगे। इसके बाद एसडीएम राजस्व कर्मियों के जरिये जांच कराकर आख्या खनन अनुभाग को भेजेंगे। वहीं अवैध खनन व परिवहन रोकने के लिए एसडीएम व सीओ को प्रति माह दो औचक निरीक्षण करना होगा। डीएम कपिल सिंह ने बताया कि अवैध मिट्टी खनन व परिवहन पर प्रभावी रोक के लिए दिशा निर्देश जारी किए गए हैं।