बाबूपुरवा में इलाके को लेकर हुए विवाद में मंगलामुखियों के दो गुटों ने मंगलवार को थाने में ऐसा हंगामा किया कि थानेदार समेत सभी पुलिसकर्मी थाना छोड़ने को मजबूर हो गए। एसओ के सामने ही दोनों पक्ष भिड़ गए और जमकर धक्का-मुक्की की। एसओ ने समझाने का प्रयास किया लेकिन वे नहीं माने और अश्लीलता पर उतर आए। उचित कार्रवाई का भरोसा देकर एसओ ने किसी तरह मंगलामुखियों को शांत कराया। एसओ ने बताया कि पांच दिन बाद उनके गुरु आएंगे इसके बाद दोनों पक्षों में समझौता कराने के प्रयास होंगे।
मंगलामुखी मीना गुरु बाबूपुरवा इलाके में अपने गुट के साथ रहती हैं और इसी इलाके में नेग वसूलती हैं। इनकी साथी लाजो रानी का जूही क्षेत्र है। इन दोनों का आरोप है कि बाबूपुरवा में रहने वाला फंटूस नाम का नकली मंगलामुखी उनके क्षेत्र में आए दिन अवैध रूप से वसूली करता है। विरोध करने पर जान से मारने की धमकी देने के साथ मारपीट पर उतारू हो जाता है। मंगलवार को भी फंटूस एक जगह से नेग ले आया और मीना गुरु जब वहां नेग लेने पहुंची तो उन्हें बताया गया कि कुछ मंगलामुखी नेग लेकर गए। इसी बात को लेकर मीना गुरु और फंटूस के पक्षों में विवाद हुआ। मीना गुरु अपने साथियों के साथ फंटूस को पकड़कर थाने ले गए। बाबूपुरवा एसओ रामवीर यादव ने दोनो पक्षों को बैठाकर समझाने का प्रयास किया, लेकिन देखते ही देखते दोनों पक्ष हाथापाई पर उतर आए। मंगलामुखियों ने फंटूस और उसकी टीम को नकली मंगलामुखी बताते हुए मेडिकल परीक्षण कराने की बात भी कही। इस दौरान कुछ मंगलामुखी अश्लील हरकत करने लगे। इंतहा तब हो गई, जब कुछ मंगलामुखी निर्वस्त्र होकर आराजकता पर उतारू हो गए।