कोहरे की वजह से ट्रेनों की लेटलतीफी और नागरिकता संशोधन कानून के विरोध के चलते देश में तनावपूर्ण माहौल के मद्देनजर लोग ट्रेनों में कम सफर कर रहे हैं। यह स्थिति ट्रेनों में रिजर्वेशन के आंकड़े बयां कर रहे हैं। हर समय वेटिंग बताने वालीं देश की वीआईपी प्रीमियम ट्रेनों में सीटें खाली हैं।
मसलन, अगर आप एक दिन बाद भी इन ट्रेनों से सफर करना चाहते हैं तो सीटें खाली होने की वजह से बेहद आसानी से कंफर्म टिकट बुक करा सकते हैं। ट्रेनों की लेटलतीफी के चलते करीब 2300 यात्रियों ने टिकट निरस्त कराए। वहीं, 400 यात्रियों को दूसरी ट्रेनों से सफर की इजाजत दी गई।
तेजस, ट्रेन-18, शताब्दी में खूब सीटें
दिल्ली जाने के लिए इन दिनों प्रीमियम ट्रेनों में पर्याप्त सीटें खाली हैं। लखनऊ से दिल्ली वाया कानपुर होेकर चलने वाली तेजस एक्सप्रेस में एक सप्ताह में किसी भी दिन की सीटें बुक करा सकते हैं। इसमें औसतन रोजाना 30 सीटें खाली चल रही हैं। वंदे भारत एक्सप्रेस (ट्रेन-18) में अगले एक सप्ताह तक 100 से लेकर 400 सीटें तक खाली हैं। सीटों का यही आंकड़ा कानपुर-नई दिल्ली रिवर्स शताब्दी एक्सप्रेस का भी है। कोलकाता राजधानी, सियालदह राजधानी में भी दिल्ली जाने के लिए औसतन 50 सीटें अगले एक सप्ताह तक खाली हैं।
ये ट्रेनें घंटों लेट, यात्री करते रहे इंतजार
कानपुर सेंट्रल स्टेशन पर श्रमशक्ति एक्सप्रेस सुबह चार घंटे की देरी से सुबह साढ़े 10 बजे आई। नई दिल्ली-लखनऊ स्वर्ण शताब्दी एक्सप्रेस सवा घंटे की देरी से दोपहर साढ़े 12 बजे आई। रिवर्स शताब्दी एक्सप्रेस भी पौने दो घंटे लेट रही। ट्रेन-18 दो घंटे देरी से दोपहर सवा 12 बजे आई।
नई दिल्ली से कानपुर आने वाली तेजस एक्सप्रेस भी रात में सवा घंटे की देरी से आई। नई दिल्ली-सियालदह राजधानी साढ़े तीन घंटे, नई दिल्ली-हावड़ा राजधानी चार घंटे, पूर्वा एक्सप्रेस तीन घंटे लेट रही। इसी तरह दिल्ली जाने वाली वंदे भारत एक्सप्रेस दो घंटे, हावड़ा-दूरंतो एक्सप्रेस चार घंटे, महाबोधि एक्सप्रेस साढ़े चार घंटे, विक्रमशिला एक्सप्रेस सवा दो घंटे, संगम एक्सप्रेस सवा दो घंटे, लेट रही।
आनंद विहार-जोगबनी एक्सप्रेस सवा चार घंटे की देरी से कानपुर सेंट्रल आई। कालका-दिल्ली मेल चार घंटे, सूरत-मुजफ्फरपुर एक्सप्रेस साढ़े छह घंटे, जोगबनी-आनंद विहार एक्सप्रेस साढ़े चार घंटे, लखनऊ-जयपुर एक्सप्रेस पांच घंटे, नंदन कानन एक्सप्रेस साढ़े छह घंटे, टाटा मूरी-हटिया एक्सप्रेस सवा छह घंटे, प्रताप एक्सप्रेस पांच घंटे, इलाहाबाद-ऊधमपुर एक्सप्रेस डेढ़ घंटे लेट रही।