कानपुर मंधना के रामा नर्सिंग कॉलेज में मंगलवार को तोड़फोड़ और बवाल के मामले में पुलिस ने तीन छात्रों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया, जबकि अन्य छात्र-छात्राओं की तलाश में दबिश दी जा रही है। उधर, कॉलेज प्रशासन ने 25 स्टूडेंटों को सस्पेंड कर दिया है।
खौफजदा छात्र-छात्राएं हॉस्टल छोड़कर चले गए हैं। छात्र-छात्राओं ने सुबह साकेत नगर स्थित रेलवे ग्राउंड में धरना देने की कोशिश की, लेकिन पुलिस ने उनको वहां से खदेड़ दिया। इधर, पुलिस और प्रशासन की एक संयुक्त टीम ने कॉलेज जाकर छात्र-छात्राओं के आरोपों की जांच कर उच्च स्तरीय जांच के लिए जिलाधिकारी को लिखा है।
मंधना में मंगलवार को रामा नर्सिंग कॉलेज में सीसीटीवी कैमरे की निगरानी में परीक्षा कराए जाने के विरोध में स्टूडेंटों ने बवाल कर दिया था। स्टाफ के साथ मारपीट कर तोड़फोड़ की थी। छात्र-छात्राओं का आरोप है कि कालेज में उन लोगों से नकल कराने के लिए पैसे लिए गए थे लेकिन अब कैमरे की निगरानी में परीक्षा कराई जा रही है।
शहर से भागने की फिराक में थे तीनों छात्र कालेज में बवाल शांत होने के बाद पुलिस ने बवाली छात्र-छात्राओं की तलाश में हॉस्टल में दबिश दी, लेकिन उससे पहले छात्र-छात्राएं भाग चुके थे। छात्र-छात्राएं पुलिस से बचने के लिए आसपास के गांवों में छुपे थे। बुधवार सुबह छात्र सचिन गुप्ता, नितिन यादव और शमशाद गांव से निकलकर हाइवे पर पहुंच गए थे तभी बिठूर पुलिस ने उनको दबोच लिया।
पुलिस को उनके कब्जे से कालेज के गार्ड से लूटा मोबाइल भी बरामद हो गया। पुलिस ने तीनों को कोर्ट में पेश कराकर जेल भेज दिया। पुलिस ने उनकी निशानदेही पर अनुभव, अनुज और आरती की तलाश में सिंहपुर गांव में दबिश भी दी, लेकिन वे नहीं मिले।
उधर, एसडीएम और सीओ ने कालेज जाकर जांच की। सीसीटीवी कैमरों के फुटेज को भी चेक किया। सीओ रजनीश वर्मा का कहना है कि उन्होंने रिपोर्ट बना ली है। उन्होंने और एसडीएम बिल्हौर ने कालेज की जांच कराने के लिए लिखा है।