कानपुर देहात। अकबरपुर बीआरसी में चल रहे तीन दिवसीय प्रारंभिक बाल्यावस्था देखभाल एवं शिक्षा (इसीसीई) प्रशिक्षण कार्यक्रम का शुक्रवार को समापन हुआ। प्रशिक्षण में प्रतिभाग करने वाले नोडल एआरपी, नोडल संकुल शिक्षकों व सीडीपीओ को प्रमाणपत्र वितरित किए।
एसआरजी अनंत त्रिवेदी ने बताया कि प्रशिक्षण के दौरान अर्जित ज्ञान और कौशल को विद्यालयों और बालवाटिका केंद्रों पर लागू करने के लिए प्रतिभागियों को प्रेरित किया गया। बाल विकास के विभिन्न आयामों, खेल आधारित शिक्षण, गतिविधि आधारित अधिगम, शिक्षण सामग्री के उपयोग तथा बच्चों के सर्वांगीण विकास पर विस्तार से चर्चा की गई। एआरपी आदर्श कुमार सिंह ने कहा कि प्रशिक्षण वंडर बॉक्स के माध्यम से शिक्षण गतिविधियों के संचालन, रोचक शिक्षण विधियों एवं बाल केंद्रित शिक्षा के व्यावहारिक पहलुओं पर विशेष जोर दिया गया। कहा कि इससे बालवाटिका में बच्चों के लिए आनंददायी, रुचिकर एवं प्रभावी शिक्षण वातावरण तैयार करने में मदद मिलेगी।
बीएसए आशीष कुमार पांडेय ने बताया कि प्रशिक्षण का उद्देश्य राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 व निपुण भारत मिशन के तहत प्रारंभिक बाल्यावस्था शिक्षा को सुदृढ़ बनाना है। साथ ही बालवाटिका को बच्चों के लिए आनंदमयी अधिगम केंद्र के रूप में विकसित करना है। अब यह ब्लॉक स्तरीय प्रशिक्षक विकासखंड में नोडल शिक्षक और आंगनबाड़ी सहायिका को प्रशिक्षण देंगे। यहां समन्वयक निपुण देवेशधर दुबे, सीडीपीओ सुनीता कटियार, श्रद्धा शर्मा, राखी सिंह, एआरपी अमित तिवारी आदि मौजूद रहे।