नौबस्ता अर्रा नई बस्ती योगेंद्र विहार में शुक्रवार को नाला खुदाई के दौरान मकान ढहने के 24 घंटे बाद शनिवार को भी नगर निगम और जिला प्रशासन की ओर से मौके पर जांच करने कोई अधिकारी या कर्मचारी नहीं पहुंचा। इससे आक्रोशित ग्रामीणों ने मुआवजे को लेकर दोपहर को खाड़ेपुर चौराहे पर बांस-बल्ली लगाकर जाम लगा दिया।
इस दौरान जमकर गुंडागर्दी की गई। राहगीरों को भी दौड़ा-दौड़ा कर पीटा गया। उनके वाहनों में तोड़फोड़ की गई। जेसीबी पर पथराव करते हुए सभी टायर पंचर कर दिए। मौके पर पहुंचे एसओ का घेराव करते हुए मुर्दाबाद के नारे लगाए। मामला बढ़ने पर सीओ भी मौके पर पहुंच गए।
सीओ ने ठेकेदार के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर कार्रवाई का आश्वासन दिया तो लोगों का गुस्सा शांत हुआ। बताते चलें कि शुक्रवार को अर्रा नई बस्ती में नाला खुदाई के दौरान राम सजीवन सिंह भदौरिया का मकान और योगेंद्र विहार निवासी कपिलाचार्य के आश्रम की बाउंड्री गिर गई। साथ ही कई मकानों में दरार पड़ गई है।
राम सजीवन सिंह का कहना है कि इतना बड़ा हादसा होने के बाद भी जिला प्रशासन और नगर निगम से कोई अधिकारी जांच करने मौके पर नहीं आया। ठेकेदार के खिलाफ भी कोई कार्रवाई नहीं की गई है। इससे आक्रोशित सैकड़ों ग्रामीणों ने मुआवजे को लेकर हंगामा करते हुए खाड़ेपुर चौराहे पर जाम लगा दिया।
इस दौरान वाहन सवारों ने निकलने की कोशिश की तो उन्हें भी पीटा गया। हंगामे की सूचना पर नौबस्ता एसओ फोर्स के साथ मौके पर पहुंचे तो भीड़ ने पुलिस का घेराव करते हुए मुर्दाबाद के नारे लगाए। मामला बढ़ता देख गोविंद नगर सीओ ओपी सिंह भी मौके पर पहुंचे।
उन्होंने ठेकेदार के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज करने का आश्वासन दिया तो भीड़ का गुस्सा शांत हुआ। वहीं दूसरी तरफ ठेकेदार रोमी सिंह एक निजी अस्पताल में भर्ती है। नौबस्ता एसओ राजदेव प्रजापति का कहना है कि ठेकेदार की हालत को देखते हुए कार्रवाई नहीं की गई। हालत में सुधार होते ही रिपोर्ट दर्ज कार्रवाई की जाएगी।