फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Kanpur News: खातों की डिटेल निकलवाने के लिए टीम आगरा रवाना

विज्ञापन
विज्ञापन
इटावा। अंतरराष्ट्रीय साइबर ठगों के जिस बंधन बैंक के खाते में धनराशि आई थी। उसकी डिटेल निकलवाने के लिए एक टीम आगरा के लिए रवाना हो गई है। डिटेल मिलने के बाद पुलिस आगे जिन खातों में रुपये भेजा गया या जिन खातों से रुपये आया है उसकी जांच करेगी। फरार चल रहे आरोपी आलोक की तलाश में भी पुलिस दबिशें दे रही है।
विज्ञापन


रविवार को सदर कोतवाली पुलिस ने अंतरराष्ट्रीय साइबर ठग गिरोह के चार सदस्यों को गिरफ्तार किया था। इनमें से एक आरोपी हिमांशु शर्मा निवासी गांव मदाइन बढ़पुरा भी शामिल है। हिमांशु के चाचा आलोक शर्मा के तीन खाते रुपये जमा कराने के लिए खुलवाए थे। वह अभी फरार चल रहे हैं। पुलिस उसकी तलाश में दबिशें दे रही हैं। वहीं आरोपी हिमांशु चौधरी निवासी बुलंदशहर के बंधन बैंक के खाते में 80 लाख रुपये की धनराशि मई में तीन दिनों में आई थी।
इसकी 11 राज्यों से करीब 32 लोगों ने शिकायत भी की थी। बैंक ने इस खाते को फ्रीज कर दिया था। आई हुई शिकायतों में ज्यादातर शिकायतों में यह बताया गया था कि आरोपियों ने शेयर बाजार में रुपये लगवाकर धनराशि के डेढ़ गुना कराने की बात कहकर ठगी की थी। सबसे ज्यादा धनराशि तमिलनाडु के एक व्यक्ति के खाते से लगभग 40 लाख रुपये एक बार में ठगे गए थे।
विज्ञापन

पुलिस अब इस खाते की डिटेल निकलवाने के लिए आगरा गई है। यहां की बैंक से डिटेल जुटाने के बाद से आगे की कार्रवाई की जाएगी। प्रभारी निरीक्षक यशवंत ने बताया कि टीम आगरा में डिटेल पता करने गई थी। साथ ही फरार आरोपी आलोक की तलाश में टीमें दबिश दे रही हैं। जल्द ही आरोपी को गिरफ्तार किया जाएगा।


सीओ अभय नारायण राय ने बताया कि साइबर ठग जिस व्यक्ति का खाता उपयोग करते थे। उसके मोबाइल में एपीके नाम की एक ऐप इंस्टॉल करा देते थे। इससे पूरा मोबाइल का कंट्रोल उनके हाथों में आ जाता था। इसके बाद वह आसानी से उनके मोबाइल से धनराशि को अपने हिसाब से आगे खातों में ट्रांसफर कर देते थे।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें