कानपुर। आईटीबीपी के जवान की मां का कटा हाथ आइस बॉक्स में लेकर गुरुवार सुबह रेलबाजार पुलिस पोस्टमॉर्टम हाउस पहुंची। पुलिस ने वीडियोग्राफी के बीच हाथ को सुरक्षित रखने के लिए फॉर्मेलिन डलवाया। मामले में इलाज के दौरान लापरवाही के आरोपों की जांच सीएमओ की टीम कर रही है। रिपोर्ट मिलने के बाद पुलिस कटे हाथ को लखनऊ स्थित फॉरेंसिक लैब भिजवाएगी।
फतेहपुर के खागा तहसील क्षेत्र के हथगांव निवासी आईटीबीपी जवान विकास सिंह ने बताया कि 13 मई को उनकी मां निर्मला देवी को सांस लेने में तकलीफ होने पर पहले आईटीबीपी अस्पताल ले गए थे। वहां से उन्हें दूसरे अस्पताल रेफर कर दिया गया। वह मां को एंबुलेंस से सिंहपुर स्थित पारस हॉस्पिटल ले जा रहे थे, लेकिन टाटमिल चौराहे पर जाम लगने के कारण उन्हें कृष्णा हॉस्पिटल में भर्ती कराना पड़ा। उन्हें आईसीयू में रखा गया। आरोप है कि अगले दिन जब वह मां से मिलने पहुंचे तो उनका हाथ काला पड़ चुका था। हालत बिगड़ने पर महिला को दोबारा पारस हॉस्पिटल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने हाथ में गंभीर संक्रमण बताते हुए 17 मई को हाथ काट दिया। विकास सिंह का आरोप है कि शिकायत लेकर रेलबाजार थाने पहुंचे, लेकिन सुनवाई नहीं हुई। इस पर उन्होंने तीन दिन पहले पुलिस अधिकारियों से शिकायत की थी।