कानपुर देहात। बहुचर्चित बलवंत हत्याकांड की सुनवाई अपर जिला जज पंचम की अदालत में चल रही हैं।शुक्रवार को अभियोजन गवाह ने बचाव पक्ष के सवालों का जवाब देते हुए घटना की दास्तां बताई। उसने बताया कि पेट्रोल पंप के पास हम लोगों को पुलिस वालों ने रोका था। वहां से रनियां थाने तक मारते हुए लाए थे। आरोपी अनूप ने बलवंत को बाल पकड़ कर खींचते हुए गाड़ी से निकाला था। अभी अदालत में बचाव पक्ष की जिरह जारी है। अब सुनवाई के लिए 18 जून की तिथि नियत की गई है।
शिवली के सरैंया लालपुर गांव निवासी बलवंत की 12 दिसंबर 2022 को पुलिस पिटाई से मौत हो गई थी। मामले में तत्कालीन एसओजी प्रभारी सहित अन्य पुलिस कर्मियों के खिलाफ हत्या सहित अन्य धाराओं में मुकदमा दर्ज कर आठ लोगों को जेल भेजा था। मामले की सुनवाई अपर जिला जज पंचम पूनम सिंह की अदालत में चल रही है। पिछली तिथि पर अभियोजन गवाह रामजी के बयान दर्ज हुए थे। जिससे बचाव पक्ष ने आंशिक जिरह की थी। वादी पक्ष के अधिवक्ता जितेंद्र प्रताप सिंह चौहान ने बताया कि शुक्रवार को बचाव पक्ष ने अभियोजन गवाह से घटना के संबंध में जिरह की। जिसमें गवाह ने पेट्रोल पंप से बलवंत को बाल पकड़ कर गाड़ी से खींच कर रनियां थाना तक मारते हुए लाए जाने की बात कही। साथ ही एक सवाल के जवाब में यह भी बताया कि मुझे थाने में गेट के सामने एक कमरे में बंद कर दिया था। मामले में आरोपी तत्कालीन एसओजी प्रभारी की ओर से अभियोजन गवाह से जिरह पूरी की गई है। वहीं आरोपी सिपाही प्रशांत कुमार व सोनू यादव की ओर चीफ डिफेंस काउंसिल संजय शुक्ला ने अभियोजन गवाह से जिरह शुरू की है। अब अदालत ने मामले में शेष जिरह के लिए 18 जून की तिथि नियत की है।