महोबा के कस्बा कुलपहाड़ के गोविंदनगर में नौ वर्षीय बालिका की जहरीले कीड़े के काटने से हालत बिगड़ गई। पिता बेटी को लेकर सीएचसी पहुंचा, जहां डॉक्टर नहीं मिले। डॉक्टर के आवास पर पिता उन्हें बुलाने पहुंचा और आरजू-मिन्नतें करता रहा, लेकिन वह नहीं आए।
डॉक्टर के न आने पर चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी ने एक इंजेक्शन लगाया और महोबा जिला अस्पताल के लिए रेफर कर दिया। इलाज के दौरान बालिका की मौत हो गई। पिता बृजेंद्र कपाड़िया ने एसडीएम सुथान अब्दुल्ला को बताया कि पुत्री रागिनी (9) चार अगस्त की दोपहर घर पर खेल रही थी।