कानपुर देहात। अकबरपुर में पेयजल आपूर्ति की बड़ी टंकी परिसर से मवेशियों को हटवा दिया गया। गोबर का ढेर व अन्य गंदगी की साफ-सफाई करा दी गई। पंप ऑपरेटर को नोटिस दी गई है। दोबारा गंदगी मिलने पर कार्रवाई की चेतावनी दी गई है। सीढ़ियां जर्जर होने से पुरानी टंकी की सफाई न होने की स्थिति पर अब इस टंकी से जलापूर्ति बंद करा दी गई है।
अकबरपुर में बिजली उपकेंद्र के पास दो हजार किलोलीटर की है सबसे बड़ी टंकी है। अन्य दो टंकियों समेत तीन टंकियों से कुल 4418 घरों में जलापूर्ति की जाती है। इंदौर में दूषित पानी पीने से हुई मौतों के क्रम में संवाद न्यूज एजेंसी की पड़ताल में मंगलवार को टंकी परिसर में पशुबाड़ा बना मिला था। परिसर में गंदगी थी। बुधवार को खबर का संज्ञान लेकर निकाय प्रशासन ने पंप ऑपरेटर को नोटिस जारी की है। इसके साथ ही टंकी परिसर से मवेशियों को हटवा दिया गया है। गोबर व गंदगी की साफ-सफाई करा दी गई। मुख्य पाइप लाइन का लीकेज दुरुस्त कराने के लिए सामग्री मंगवाई गई है।
ईओ आशीष कुमार ने बताया कि बड़ी टंकी परिसर में पंप ऑपरेटर ने मवेशी बांध दिए थे। मवेशियों को हटवा दिया गया है। परिसर की साफ सफाई करा दी गई है। पंप ऑपरेटर को नोटिस जारी कर चेतावनी दी गई है। सीढ़ियां जर्जर होने की वजह से गांधी पार्क स्थित पुरानी टंकी की सफाई नहीं हो पा रही थी। इस टंकी का प्रयोग दूसरी टंकियों से जलापूर्ति की दिक्कत पर आपात स्थिति में होता था लेकिन अब पुरानी टंकी से जलापूर्ति पूरी तरह से बंद करा दी गई है। उन्होंने बताया कि नई पाइपलाइन डालने के दौरान बीते माह ठेकाकर्मियों ने 50 जगह पाइप लाइन तोड़ दी थी। पाइपलाइन की तत्काल ही मरम्मत कराई गई। किसी ने मटमैला पानी आने की शिकायत नहीं की है।