जब तक वह यहां पहुंचा तब तक मासूम बच्चे ने दम तोड़ दिया। इसके बाद पीड़ित भाई अपने छोटे भाई के शव को हाथों में लेकर डीएम के यहां पहुंचा और रोने लगा। पीड़ित भाई ने आरोप लगाया है कि डॉक्टरों ने उसका इलाज इसलिए नहीं किया क्योंकि मेरे पास रुपये नहीं थे। वे रुपये पैसे मांग रहे थे, लेकिन मैं रुपये नहीं दे पाया।