कानपुर देहात। जिले में अब प्रत्येक शिक्षक को हर हफ्ते अपनी कक्षा के पांच बच्चों का मूल्यांकन करना होगा। जो निपुण एप के जरिये किया जाएगा।
जिले में 1252 प्राथमिक, 347 उच्च प्राथमिक, संविलियन स्कूल 322 व एक कस्तूरबा गांधी बालिका आवासीय विद्यालय संचालित हैं। यहां पढ़ने वाले बच्चों के शैक्षिक स्तर में सुधार के लिए विभिन्न प्रयास किए जा रहे हैं। बावजूद अपेक्षित सफलता नहीं मिल पा रही। शासन ने पढ़ाई के स्तर की रियल टाइम परीक्षण की व्यवस्था की है। जिस क्रम में प्रत्येक शिक्षक हर सप्ताह अपनी कक्षा के पांच बच्चों का मूल्यांकन कर उनका शैक्षिक स्तर जानेंगे। इसके लिए कक्षा एक से आठ तक के बच्चों के लिए विषयवार प्रश्न बैंक भी बनाया गया है। जिसमें बच्चों की समझ और सीखने की क्षमता को आंकने के प्रश्न शामिल हैं। सभी बच्चों से रैंडम आधार पर प्रश्न पूछे जाएंगे।
बीईओ मुख्यालय संजय गुप्ता ने बताया कि सभी विद्यालयों के प्रधानाध्यापकों को बीएसए ने राज्य परियोजना निदेशक कंचन वर्मा के निर्देश से अवगत करा दिया है। परिषदीय स्कूलों के छात्र-छात्राओं के अधिगम स्तर के मापन हेतु निपुण एप प्रयोग किया जाएगा। जिसके सहयोग से छात्र-छात्राओं के मूल्यांकन होगा। एप पर उपलब्ध प्रश्नों के चयन में बच्चों की समझ और सीखने की क्षमता का पूरा ध्यान रखा गया है। हर बच्चे से अलग अलग रेंडम आधार पर प्रश्न पूछे जाएंगे। प्रदर्शन के आधार पर बच्चे को तुरंत सहयोग किया जाएगा। शिक्षकों को एप पर 25 सप्ताह की शिक्षण योजना के मुताबिक मूल्यांकन करना होगा।