कानपुर देहात। टीईटी अनिवार्य रूप से लागू किए जाने के फैसले के विरोध में बृहस्पतिवार को शिक्षकों ने माती स्थित कलक्ट्रेट परिसर तक रैली निकाल विरोध प्रदर्शन किया। अखिल भारतीय राष्ट्रीय शैक्षिक महासंघ के पदाधिकारियों ने प्रधानमंत्री, केंद्रीय शिक्षा मंत्री व मुख्यमंत्री को संबोधित ज्ञापन तहसीलदार पवन कुमार को सौंप आरटीई लागू होने से पूर्व कार्यरत शिक्षकों के लिए छूट की मांग की।
इससे पूर्व, बड़ी संख्या में शिक्षक माती ओवरब्रिज के नीचे एकत्रित हुए। वहां से वे सरकार विरोधी नारे लगाते हुए जिलाधिकारी कार्यालय पहुंचे। प्रदर्शन का नेतृत्व कर रहे संगठन के प्रदेश महामंत्री प्रदीप कुमार तिवारी ने कहा कि सर्वोच्च न्यायालय के निर्णय के क्रम में देशभर के कक्षा आठ तक पढ़ाने वाले सभी सेवारत शिक्षकों पर टीईटी अनिवार्य करने का फैसला लिया गया है। यह निर्णय लाखों शिक्षकों की सेवा सुरक्षा और आजीविका के लिए बड़ा संकट बन गया है।
जिला अध्यक्ष मनोज कुमार शुक्ला ने कहा कि केंद्र सरकार संसद के माध्यम से इस कानून में संशोधन करे और शिक्षा का अधिकार कानून लागू होने से पूर्व से नियुक्त शिक्षकों को इस परीक्षा से पूरी तरह छूट प्रदान की जाए। जिला संगठन मंत्री अनंत त्रिवेदी ने कहा आगामी दिनों में सांसदों-विधायकों से संपर्क अभियान चलाया जाएगा और मांग पूरी न होने पर लखनऊ व दिल्ली में बड़े स्तर पर प्रदर्शन किया जाएगा। इस मौके पर जिला महामंत्री सुनील कुमार, देवेंद्र सिंह, डॉ. इंद्र कुमार, संत कुमार, अजय, देवेंद्र, नौशाद अहमद आदि मौजूद रहे।