कानपुर के टैक्सी चालक दीपक की हत्या के मामले में पुलिस की तफ्तीश में बड़ा खुलासा हुआ है। मुख्य आरोपी हिमांशु गुप्ता रिटायर्ड नेवी अफसर का बेटा है। उसने ही चालक को अगवा करने और उसकी हत्या कर कार लूटने की साजिश रची थी। जिसमें उसके दोस्त सौरभ सोनी ने साथ दिया था। पुलिस ने दोनों आरोपियों को रविवार को कोर्ट में पेश कर जेल भेज दिया।
मामले में हिमांशु की महिला मित्र व उसके एक अन्य दोस्त की भी वारदात में जांची जा रही है। पूछताछ में पता चला कि हिमांशु ने गर्लफ्रेंड को हीरे का हार गिफ्ट करने और आर्थिक तंगी से छुटकारा पाने को वारदात को अंजाम दिया था। 28 जून की शाम को सेंट्रल स्टेशन से कन्नौज के तिर्वा इंदिरा नगर निवासी हिमांशु गुप्ता अर्टिका कार दिल्ली के लिए बुक करके ले गया था।
उसके साथ तिर्वा निवासी सौरभ सोनी भी गया था। उसी रात दोनों ने मिलकर कार चालक दीपक की हत्या कर शव मेरठ में हाईवे किनारे खेत में फेंक दिया था। पुलिस ने वारदात का खुलासा कर दो दिन पहले हिमांशु और सौरभ को गिरफ्तार कर लिया था। जीपीएस की मदद से कार भी बरामद कर ली थी। इंस्पेक्टर सत्यदेव शर्मा ने बताया कि हिमांशु के पिता नेवी से रिटायर्ड हैं।
उसके ताऊ शिक्षा विभाग में कार्यरत हैं। हिमांशु एक कॉलेज में कैंटीन चलाता था। लॉकडाउन में कैंटीन बंद हो गई। तब से उसके पास कोई आय का जरिया नहीं था। उसी ने सौरभ के साथ मिलकर कार लूटने की योजना बनाई। जिसमें उसने चालक की हत्या कर कार लूटी। ये भी पता चला कि कार लूट कर दिल्ली में बेचने का आइडिया हिमांशु के एक अन्य दोस्त ने दिया था। उसकी भी भूमिका खंगाली जा रही है।