कानपुर नौबस्ता बख्तौरी पुरवा निवासी सुनीता की शादी 18 फरवरी को ग्राम चिडियापुर मजरा खुरदैया कन्नौज निवासी दिनेश शर्मा के बड़े बेटे सुमित से हुई थी। वहां घर में शौचालय न होने पर सुनीता ने विरोध जताया था। खाना-पीना छोड़ दिया था। 23 फरवरी को वह लौटकर मायके आ गईं थीं। तबसे वह मायके में ही रह रही हैं।
डेमाे पिक
‘अमर उजाला’ की ओर से नगर आयुक्त अविनाश सिंह ने सुनीता का सम्मान किया था। साथ ही उन्होंने मॉड्यूलर टॉयलेट देने की घोषणा भी की थी। मामला जानकारी में आने पर गुरुवार को कन्नौज जिला प्रशासन की ओर से शौचालय निर्माण के लिए सुनीता की ससुराल में चेक पहुंचा दिया गया। साथ ही कन्नौज जिला प्रशासन के अफसरों ने यह भी तय किया है कि सरकारी खर्चे पर सुनीता को मायके से विदा कराके ससुराल लाया जाएगा।
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खुले में शौच के खिलाफ ससुराल में जंग छेड़ने वाली सुनीता ने शनिवार को कहा कि वह अपने पिता को ससुराल भेजकर दिखवाएंगी कि शौचालय बन गया है या नहीं, इसके बाद ही वहां जाएंगी। सुनीत अभी पति और ससुरालवालों का फोन भी रिसीव नहीं कर रही हैं। उन्होंने वह बात दोहराई कि जब तक ससुराल में शौचालय नहीं बन जाता, तब तक वह वहां के किसी भी व्यक्ति से बात नहीं करेंगी।