नगर पालिका की थी अनुमति, फिर भी नहीं लग पाई प्रतिमा
शिवसेना के तत्कालीन जिला प्रमुख रामवीर द्विवेदी ने दावा किया कि नगर पालिका की भूमि पर नेताजी सुभाषचंद्र बोस की प्रतिमा स्थापित करने के लिए अनुमति मांगी गई थी। तब अनुमति मिली भी थी, लेकिन अचानक पुलिस को शांतिभंग का खतरा महसूस हुआ और फिर प्रतिमा जब्त कर ली गई।
वे दावा करते हैं कि 28 दिसंबर 1998 को नगर पालिका के बोर्ड प्रस्ताव संख्या 11 के क्रम में प्रतिमा स्थापना की अनुमति दी गई थी। इसके बाद 20 जनवरी 2003 को भी पुराने प्रस्ताव का हवाला देकर प्रतिमा स्थापित करने की अनुमति दी गई, लेकिन प्रतिमा स्थापित नहीं हो पाई।
नगर पालिकाध्यक्ष बोले
नगर पालिकाध्यक्ष सुखसागर मिश्र मधुर ने कहा कि जहां तक उन्हें मालूम है, बिना शासन की अनुमति के अब प्रतिमा स्थापित करने की कोई व्यवस्था नहीं है। सुभाष चंद्र बोस की प्रतिमा स्थापित करने के लिए नगर पालिका की ओर से प्रस्ताव शासन को भेजा जाएगा। जिलाधिकारी से भी इस मसले पर बात कर सहयोग मांगेेंगे।