सपा में पत्थरों की राजनीति पर दो गुट आपस में भिड़ गए। पार्टी के विधायक और पार्षदों ने एक - दूसरे पर पत्थरों में नाजायज तरीके से नाम लिखाने का आरोप लगाया। यह बात सोमवार को कानपुर नगर आयुक्त तक पहुंच गई। दोनों पक्षों को अलग - अलग सुनने के बाद नगर आयुक्त ने कार्रवाई के आदेश दिए।
सपा विधायक इरफान सोलंकी कुछ समर्थकों के साथ नगर निगम में नगर आयुक्त उमेश प्रताप सिंह से मिले। उनसे सीसामऊ विधानसभा क्षेत्र में अधूरे विकास कार्यों को तेजी से पूरा कराने पर जोर दिया। विकास कार्यों के कुछ पत्थरों में दूसरे वार्ड के पार्षद का नाम लिखा होने की शिकायत की।
हालांकि विधायक का कहना है कि यतीमखाना में वहां के पार्षद जावेद अख्तर गुड्डू ने वहां लगे पत्थर में सोहेल अहमद, सारिया और शिब्बू का नाम होने की बात कही थी। नगर आयुक्त को हमने यह बताया। उसने विधायक निधि से खलवा अस्पताल के लिए दिए गए पांच लाख रुपये का हिसाब मांगा है। वहां मेरा नाम होना चाहिए। इसके लिए नगर विकास मंत्री से भी मिलेंगे।
उनके लौटने के बाद सपा पार्षद दल के नेता सोहेल अहमद के नेतृत्व में पार्टी पार्षदों का प्रतिनिधिमंडल नगर आयुक्त से मिला। सोहेल ने बताया कि उन्होंने नगर आयुक्त से कई जगह पत्थरों में नाम अंकित किए जाने संबंधी निर्देशों के विपरीत अन्य लोगों को नाम लिखे होने की शिकायत की।