गायत्री ने बताया कि बेटा 2019 से क्रिकेट खेल रहा है। वह बाएं हाथ का गेंदबाज है। उसकी गेंदबाज को देखकर हर कोई तारीफ करता है। जब भी उसने ट्रायल दिया, तो कभी फेल नहीं हुआ, लेकिन यूपीसीए की फाइनल लिस्ट आने के बाद बेटे को पेंडिंग में रखा गया। उससे बड़े उम्र के बच्चों को रख लिया गया। बेटे ने इतनी मेहनत की कि अब उसकी मेहनत को सोच सोच कर मुझे उसे पर बड़ी दया आ रही है।
बेटे के अच्छे प्रदर्शन के बाद भी नहीं हुआ चयन
मां ने बताया कि बेटे ने ट्रायल मैचों में एक ही मैच में आठ विकेट चटकाए। वहीं, जब यूपीसीए का ट्रायल में अच्छा प्रदर्शन रहा। तब पूर्व अंतरराष्ट्रीय क्रिकेटर गोपाल शर्मा ने भी बेटे की बड़ाई की थी। इसके बावजूद बेटे का चयन नहीं हुआ है।
कुलदीप यादव ने बेटे का नाम रखा चू-चू
मां ने बताया कि बेटा चाइना मैन गेंदबाज कुलदीप यादव के होम ग्राउंड जाजमऊ स्थित रोवर्स ग्राउंड में खेलने जाता था। गेंदबाजी देखकर कुलदीप भी उससे बहुत पसंद करता था। कुलदीप, आदित्य को प्यार से चू चू कह कर बुलाते थे।