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कानपुर: एसआईटी ने खोलीं धर्म परिवर्तन की 17 फाइलें, नए सिरे से जांच

Sun, 30 Aug 2020 11:07 PM IST
शिखा पांडेय न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
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यूपी पुलिस
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कानपुर में धर्म परिवर्तन के मामलों पर प्रदेश सरकार के तल्ख रुख के बाद जिले की गठित एसआईटी ने मामलों की जांच पड़ताल शुरू कर दी है। दो सालों में चिह्नित धर्मपरिवर्तन के 17 मामलों की एसआईटी दोबारा जांच करेगी।
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रविवार को एसआईटी के नोडल अधिकारी एसपी साउथ दीपक भूकर ने सात सदस्यीय टीम के साथ इस संबंध में बैठक भी की। बर्रा से लापता हुई शालिनी यादव के फिजा बनने के बाद से धर्मपरिवर्तन का मुद्दा एक बार फिर से गर्मा गया है।

हिंदू संगठनों ने एक के बाद एक आधा दर्जन मामले पुलिस-प्रशासन के सामने लाकर रख दिए। आरोप लगाया है कि युवतियों को फंसाकर उनका शारीरिक शोषण करने के बाद जबरन धर्मपरिवर्तन करा दिया गया। सभी आरोपी किदवईनगर थाना क्षेत्र की जूही लाल कॉलोनी के बताए।
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आशंका जताई थी कि इसके पीछे बाकायदा कोई संगठन काम कर रहा है। इसके बाद आईजी मोहित अग्रवाल ने एसआईटी का गठन किया था। इसमें नोडल अधिकारी एसपी साउथ दीपक भूकर, गोविंदनगर सीओ विकास पांडेय, पिंक चौकी प्रभारी सरिता मिश्रा, नौबस्ता एसएचओ कुंजबिहारी मिश्रा, गोविंदनगर एसएचओ अनुराग मिश्रा, जूही एसएचओ संतोष आर्या सहित एक हेड कांस्टेबल व एक कांस्टेबल को रखा गया है।
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इन बिंदुओं पर टीम करेगी जांच
- दो साल में हुए धर्मपरिवर्तन के मामलों में युवतियों की वर्तमान स्थिति। 
- हिंदू युवतियों का धर्मपरिवर्तन कराने में आरोपियों की मदद कोई संगठन कर रहा है या नहीं।
- इस काम में मदद करने वाले संगठन की ओर से किसी तरह की फंडिंग होती है या नहीं।
- सोशल मीडिया पर नाम और धर्म बदलकर एक्टिव लोगों की जानकारी और उनका उद्देश्य।
- बातों में फंसाने और धर्मपरिवर्तन कराने में आरोपियों के तौर तरीकों में समानता।
- धर्मपरिवर्तन के मामलों में सम्मोहन और तंत्रमंत्र का क्या रोल है।

सोशल मीडिया पर भी रहेगी एसआईटी की नजर
एसपी ने बताया कि अधिकांश मामलों में फेसबुक के माध्यम से युवतियों से दोस्ती की बात सामने आई है। इसमें अक्सर विशेष समुदाय के युवक फर्जी नाम या हिंदू समुदाय से जुड़े होने का दावा कर अकाउंट बनाते हैं। इसके बाद युवतियों से दोस्ती कर उनका ब्रेनवॉश कर शादी कर लेते हैं। बाद में उनका धर्मपरिवर्तन करा दिया जाता है। ऐसे में टीम को सोशल मीडिया पर एक्टिव ऐसे लोगों की हर गतिविधि पर नजर रखने के निर्देश भी दिए गए हैं।
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