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सियालदह अजमेर एक्सप्रेस के पीड़ितों ने सुनाई आपबीती

Wed, 28 Dec 2016 02:43 PM IST
टीम डिजिटल/ अमर उजाला, कानपुर
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रेल हादसे के बाद घायलों का हैलट अस्पताल में हुआ इलाज
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कानपुर देहात से 50 किलोमीटर दूर रूरा के नजदीक अजमेर- सियालदाह एक्सप्रेस के 14 डिब्बे पटरी से उतर गए। जानकारी के मुताबिक, 12988 अजमेर सियालदाह एक्सप्रेस बुधवार सुबह 5.20 मिनट पर हादसे का शिकार हो गई। इस हादसे में अब तक 5 लोगों की मारे जाने की खबर है, साथ ही कई लोग घायल बताए जा रहे हैं।
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रेल हादसे के बाद पीड़ितों से बातचीत की गई। दर्द बयां करते हुए कईयों की आहें तक भर आई। हादसे सी बुरी तरह सहमी एक महिला क्या कहती है हम आपको अपनी इस खबर के माध्यम से बता रहे हैं...  
  सवाल -पत्रकार की जुबां से सवाल फूटा भी नहीं था कि महिला की जुबां पर उस मनहूस जगह का नाम दर्द बनकर पहले फूट पड़ा...

जवाब- महिला के जहन में बस उस मनहूस ट्रेन का नाम खुद-ब-खुद आ गया। जुंबा से निकला 'सियालदह'   सवाल- अब पत्रकार ने फिर सवाल दोहराया और पूछा कितने बजे हादसा हुआ था..?

जवाब- महिला ने कहा साढ़े चार, भोर पहरा... बस कुछ ही घंटों की तो बात थी..  रात के अंधेरे को चीर कर दिन निकलने ही वाला था। 
  सवाल- क्या हुआ था वहां..? 
  जवाब- महिला ने कहा हम लोग तो सोया था... पूरी ट्रेन गिर के छिते-छिते छितका कुर्सी तागों लयो। डबडबायी आखों से आंसू बहने लगे, गला रुंध गया .. बोली- देखे कि गुड़िया छे.. आदमी अत्ते अईये...छेबे भीच लयो..
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सवाल- पत्रकान ने पूछा किसने पकड़ा...? 
  जवाब- अब महिला ने कहा स्लीपर था ओ आ गया, उस स्लीपर में अम... यह कहकर वह अचानक चुप हो गई... आंखें फिर से दर्द बयां करने लगी... पत्रकार ने उनकी बात पूरी करते हुए कहा स्लीपर में दब गई... 
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  सवाल- पत्रकार ने पूछा कहां जा रहे थे आप लोग..? 
  जवाब- राजस्थान 
  सवाल- पूछा आपको कहां-कहां चोट लगी है..?

जवाब- हाथ और घुटनों की ओर इशारा करते हुए कहा..   सावल- निकले कैसे आप लोग..?

जवाब- रेस्कयू है ना ऊ मदद किया...  
सुनिए इस पीड़ित व्यक्ति ने क्या कहा..
व्यक्ति ने पत्रकार को देखते ही बोलना शुरू कर दिया क्या हुआ था पूरा ट्रेन हर-हर करके पलट गया...   सवाल- किस ट्रेन में थे   जवाब- डरते सहमें हुए बोला टाईम तो कोई पांच बजे के बाद में...
  सवाल- फिर सवाल दोहराया और पूछा किस ट्रेन में थे? 

जवाब- अजमीर एक्सप्रेस  
सावल- क्या-क्या गया है सामान..? 

जवाब- मेरा बीवी को  चोट लगा है, मेरा सामान तो बैग में तीन मोबाइल था और उसमें तीन साढ़े तीन हजार रुपए था वो भी चला गया.. अब कैसे घर जाऊं..
  सवाल- अभी क्या कहा है मदद के लिए..? 

जवाब- अभी हैल्प करेगा और फ्रस्टेड करेगा, लेकिन हम पश्चिम बंगाल कैसे जाएगा... सब चला गया
  सवाल- रेलवे  ने  मदद के लिए क्या कहा..? 

जवाब- मदद करने के लिए कहा, वो बोले हैं आपको पहुंचाने की व्यवस्था करवाएंगे.. 
   

     
 
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