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कानपुर RTO में बड़ा खेल: 'मुर्दे' को जिंदा दिखा ट्रांसफर कर दी कार; पत्नी पहुंची तो खुला राज, एक हिरासत में

Fri, 10 Apr 2026 11:25 AM IST
Himanshu Awasthi न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर

सार

Kanpur News: कानपुर आरटीओ में मृत कपिल मेहरोत्रा के फर्जी हस्ताक्षर कर उनकी क्रेटा कार दूसरे के नाम ट्रांसफर कर दी गई। पत्नी की शिकायत पर काकादेव पुलिस ने आरटीओ के एक प्राइवेट कर्मी को हिरासत में लेकर जांच शुरू कर दी है।
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कानपुर आरटीओ - फोटो : amar ujala
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विस्तार
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कानपुर के आरटीओ कार्यालय में एक मृत व्यक्ति को कागजों में जिंदा दिखाकर उसकी कार कल्याणपुुर में रहने वाले व्यक्ति के नाम ट्रांसफर कर दी गई। मामले का खुलासा तब हुआ जब मृतक की पत्नी खुद आरटीओ कार्यालय गाड़ी ट्रांसफर पर रोक लगाने के लिए प्रार्थना पत्र देने पहुंची। फर्जीवाड़ा पता चलते ही महिला ने थाने में बाबू के खिलाफ धोखाधड़ी करने की तहरीर दी।

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इस पर काकादेव पुलिस ने गुरुवार देर शाम बाबू के कार्यालय में काम करने वाले प्राइवेट कर्मी अमित मेहरोत्रा को पूछताछ के लिए उठाया है। विभागीय अधिकारी भी मामले की सही जानकारी देने से बचते दिखे। पी रोड निवासी डिंपल केसरवानी के पति कपिल मेहरोत्रा ने दिसंबर 2025 में कल्याणपुर के रहने वाले एक व्यक्ति से अपनी कार (क्रेटा) 4.25 लाख रुपये में बेचने का सौदा किया था।

आरोप- खरीदार ने पूरी रकम भी नहीं दी
गाड़ी बिक्री के लिए ऑनलाइन आवेदन भी हो चुका था। इसी दौरान अचानक कपिल की मृत्यु हो गई जिससे मामला अधर में लटक गया। पति की मौत के बाद डिंपल ने आरटीओ कार्यालय में गाड़ी ट्रांसफर करने पर रोक लगाने के लिए प्रार्थना पत्र दिया। उनका आरोप था कि खरीदार ने पूरी रकम भी नहीं दी। करीब तीन माह तक महिला ने आरटीओ कार्यालय के चक्कर काटे तो पता चला कि गाड़ी तो दूसरे व्यक्ति के नाम ट्रांसफर हो गई।

फर्जीवाड़े में शामिल लोगों के खिलाफ दी तहरीर
सूत्रों ने बताया कि कार खरीदने वाले व्यक्ति ने एक दलाल के जरिये आरटीओ के बाबू ऋषभ वर्मा से सेटिंग की। कार्यालय में कार्यरत प्राइवेट व्यक्ति अमित मेहरोत्रा की मदद से फाइल रिकॉर्ड से निकलवाई गई और मृतक कपिल मेहरोत्रा को कागजों में जिंदा दिखाते हुए फर्जी हस्ताक्षर कर गाड़ी दूसरे के नाम ट्रांसफर कर दी गई। इसकी भनक मृतक के परिजनों और विभागीय अफसरों तक को नहीं हुई। मामले की जानकारी होते ही महिला ने काकादेव थाने में फर्जीवाड़े में शामिल लोगों के खिलाफ थाने में तहरीर दी।

मामले की अभी पूरी जानकारी नहीं है। महिला के पति ने कार बिक्री के लिए पहले से आवेदन किया था। इसके बाद बाबू ने कैसे फर्जीवाड़ा किया है, इसकी जानकारी जांच के बाद ही पता चल सकेगी।  -आलोक कुमार सिंह, एआरटीओ
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आरटीओ कार्यालय में काम करने वाले एक प्राइवेट व्यक्ति अमित मेहरोत्रा को पूछताछ के लिए थाने बुलाया गया है। महिला से भी पूछताछ की जा रही है। कार्यालय खुलने के बाद ही मामले की सही जानकारी हो सकेगी। इसके बाद आगे की कार्रवाई हो सकेगी।  -राजेश कुमार, इंस्पेक्टर, काकादेव थाना
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