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बीहड़ के बाशिंदों को घर-घर मिलेगा पानी, 470 गांवों की बुझेगी प्यास, पीएम करेंगे इसकी शुरूआत

Thu, 27 Feb 2020 01:20 PM IST
शिखा पांडेय न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चित्रकूट
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बुंदेलखंड में पानी की किल्लत - फोटो : अमर उजाला
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चित्रकूट जिले के निवासियों की प्यास बुझाने के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पाइप पेयजल योजना का भी शिलान्यास करेंगे। जिससे जिले के सभी गांवों के साथ ही बीहड़ क्षेत्र के गांवाें की प्यास बुझेगी।
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ग्रामीण अंचलों मेें घर-घर शुद्ध पीने के पानी लिए तैयार की गई योजनाएं अब साकार रूप लेगी। जिससे जिले के 239 ग्राम पंचायतों के 470 राजस्व गांवों को पीने का पानी मिलेगा। जिसको लेकर बीहड़ गांव के निवासी खासे खुश नजर आ रहे हैं। 

 

जिले में पाइप लाइन के माध्यम से घर-घर पानी पहुंचाने के लिए सर्वे कराया जा चुका है। 239 ग्राम पंचायतों के 470 राजस्व ग्रामों में पेयजल उपलब्ध कराने के लिए 1515 करोड़ 51 लाख की पांच योजनाएं तैयार की गई है। 

डीडीओ आर के त्रिपाठी ने बताया कि इस योजना का शिलान्यास 29 फरवरी को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के हाथों कराने की योजना प्रदेश सरकार ने बनाई है। जिसके बाद कार्य शुरू होगा। 

इन स्थानों पर शुरू होगी योजना
जिले के पाइप योजना जिन स्थानों पर शुरू होगी। उसमें भरथौल गांव योजना लगात 45414.98 लाख रुपये, पानी का स्रोत बरूआ बांध, कर्वी ब्लाक के सभी गांव आच्छादित होंगे। सिलौटा गांव योजना, लागत 26292.38 लाख रुपये, पानी का स्रोत यमुना नदी, रामनगर व मानिकुपर ब्लाक के गांव आच्छादित होंगे।

परदवा पेयजल योजना लागत 148.58 लाख, पानी का स्रोत नलकूप, परदवा व मऊ को मिलेगा पानी। रैपुरा पेयजल योजना लागत 2572.80 लाख रुपये। पानी का स्रोत गुंता बांध। मानिकपुर ब्लाक के गांव आच्छादित होंगे। चांदी बागर ग्राम योजना लागत 53971.26 रुपये पानी का स्रोत यमुना नदी। कर्वी पहाड़ी ब्लाक के गांव आच्छादित होंगे। 
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बसपा शासन में शुरू हुई थीं योजनाएं
बसपा शासन काल मेेें मऊ व बरगढ़ क्षेत्र की 96 गांवों मेें पेयजल आपूर्ति के लिए अलग-अलग योजनाएं शुरू की गई। जिसमेें भ्रष्टाचार के कारण यह योजना परवान नहीं चढ़ पाई।

अनियमितता पाए जाने पर जल निगम के कुछ इंजीनियरों को भी निलंबित किया गया। जिसकी जांच चल रही है। हालांकि प्रशासनिक अधिकारियों का कहना है सत्यापन के बाद कार्य पूरा कर लिया गया है। 
 
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