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उन्नाव: डंपर ने बाइक सवार दो चचेरे भाइयों को रौंदा, दोनों की दर्दनाक मौत

Sun, 31 May 2020 10:38 AM IST
शिखा पांडेय न्यूज डेस्क, अमर उजाला, उन्नाव
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सांकेतिक तस्वीर - फोटो : गूगल
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हरदोई-उन्नाव मार्ग पर माखी थाना क्षेत्र के भदनी गांव के पास तेज रफ्तार डंपर ने बाइक सवार दो चचेरे भाइयों को रौंद दिया। दोनों की घटनास्थल पर ही मौत हो गई। हादसे के बाद चालक डंपर छोड़कर भाग गया। सड़क पर जाम के हालात बनते देख पुलिस ने शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।
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गंगाघाट थाना क्षेत्र के लक्ष्मीखेड़ा गांव निवासी नीरज (22) पुत्र नाथूराम पड़ोस में रहने वाले चचेरे भाई अनिल कुमार (23) पुत्र भोगेलाल के साथ शनिवार सुबह मां सरोजनी से देवारा गांव जाने की बात कहकर घर से निकला था। इसके बाद वह दोनों घूमने के इरादे से चकलवंशी कस्बे गए थे। वहां से उन्नाव-हरदोई मार्ग से उन्नाव शहर की तरफ आ रहे थे।

माखी थाना क्षेत्र के भदनी गांव के सामने हरदोई की ओर जा रहे स्टोन डस्ट लदे डंपर की टक्कर से दोनों बाइक से उछलकर सड़क पर गिरे और डंपर उन्हें रौंदते हुए आगे बढ़ गया। दोनों की मौके पर मौत हो गई। लोग दौड़े तो चालक कुछ दूर पर डंपर छोड़कर भाग निकला। हादसे के बाद जाम के हालात बन गए।
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मौके पर पहुंची पुलिस ने शवों को लोडर से पोस्टमार्टम हाउस भेजा और यातायात शुरू कराया। बाइक के रजिस्ट्रेशन नंबर के आधार पर पुलिस ने परिजनों को घटना की सूचना दी। चचेरे भाइयों की मौत की सूचना पर परिजन आनन-फानन में पोस्टमार्टम हाउस पहुंचे और शवों को देख बदहवास हो गए।
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थाना प्रभारी संतोष कुमार ने बताया कि डंपर को कब्जे में लिया गया है। चालक मौके से भाग निकला है। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार डंपर का अगला टायर पंक्चर होने से हादसा हुआ। तहरीर मिलने पर रिपोर्ट दर्ज कर आगे की कार्रवाई की जाएगी।

नीरज का शव देख छाती पीटकर रो पड़ी मां
मृतक नीरज बीएसी की पढ़ाई पूरी कर चुका था। कुछ माह पहले उसने आर्मी की भर्ती भी देखी थी पर दौड़ नहीं निकाल पाया था। परिवार में वह ही सबसे अधिक पढ़ा लिखा था। वह नौकरी की तलाश में था। इस बीच वह भाइयों के साथ खेती में उनका हाथ बंटाता था। उसकी मौत की सूचना पर पोस्टमार्टम हाउस पहुंची मां सरोजनी छाती पीट-पीटकर रो पड़ीं।

तीन अन्य भाइयों का भी रो-रोकर बुरा हाल रहा। वहीं, अनिल भी खेती व मजदूरी कर परिवार का गुजारा चलाता था। तीन भाइयों में वह दूसरे नंबर का था। मां फूलमती व अन्य परिजन उसका शव देख कांप गए। अनिल के पिता नाथूराम ने बताया कि उसका बेटा पिंडोखा गांव निवासी एक युवक की बाइक मांगकर निकला था।
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