छत्रपति शाहू जी महाराज विवि (सीएसजेएमयू) कानपुर से संबद्ध 611 कॉलेजों के बीए तृतीय वर्ष के करीब 90 हजार छात्रों का परिणाम विवि ने रोक दिया है। यही नहीं, जिन छात्रों के परिणाम जारी किए गए हैं उनमें भी करीब पांच हजार छात्रों का रिजल्ट इनकंप्लीट दिखा रहा है। ऐसे में परेशान छात्रों ने राज्यपाल से शिकायत की है।
दरअसल, सरकार और शासन में वाहवाही लूटने के चक्कर में विवि प्रशासन इन दिनों आधे-अधूरे ही रिजल्ट घोषित करता जा रहा है। बीएससी, बीकॉम के बाद विवि प्रशासन ने गुरुवार देर शाम बीए तृतीय वर्ष का परीक्षा परिणाम जारी किया। छात्रों को जानकारी होते ही जब उन्होंने वेबसाइट पर रिजल्ट देखना चाहा तो मालूम हुआ कि 611 कॉलेजों के रिजल्ट घोषित ही नहीं हुए थे। जिन कॉलेजों के रिजल्ट घोषित भी हुए, उनमें से ज्यादातर के इनकंप्लीट बताने लगा।
परीक्षा नियंत्रक डॉ. अनिल यादव ने कहा कि जिन छात्रों के परिणाम रुके हैं, उनके प्रैक्टिकल के मार्क्स नहीं मिले हैं। जैसे ही प्रैक्टिकल के मार्क्स मिल जाएंगे छात्रों के परिणाम भी जारी हो जाएंगे।
बीएससी तृतीय वर्ष का रिजल्ट 17 मई को जारी किया
विश्वविद्यालय की कुलपति प्रो. नीलिमा गुप्ता ने 15 मई तक सभी विषयों की परीक्षा का परिणाम घोषित करने का दावा किया था। लेकिन निर्धारित समय तक सिर्फ बीकॉम का परीक्षा परिणाम जारी हो पाया था। बीकॉम में भी कई कॉलेजों के परिणाम अभी तक रुके हैं। इसके बाद बीएससी तृतीय वर्ष का रिजल्ट 17 मई को जारी किया। इसमें करीब 500 से अधिक कॉलेजों का रिजल्ट रुका हुआ है।
रिजल्ट जारी करने की जल्दबाजी में विवि प्रशासन ने शहर के 54 कॉलेजों का परीक्षा परिणाम भी जारी नहीं किया। इनमें शहर के लगभग सभी बड़े कॉलेज शामिल हैं। इनमें पीपीएन डिग्री कॉलेज, डीएवी कॉलेज, डीबीएस कॉलेज, जुहारी देवी महिला पीजी कॉलेज, ज्वाला देवी विद्या मंदिर महिला पीजी कॉलेज, महिला महाविद्यालय, एएनडी नगर निगम बालिका महाविद्यालय, गुरुनानक डिग्री कॉलेज, बृहस्पति महिला महाविद्यालय, केके गर्ल्स कॉलेज शामिल हैं। कॉलेज के छात्रों ने विश्वविद्यालय प्रशासन के खिलाफ आक्रोश व्यक्त किया और जल्द से जल्द परिणाम जारी करने की मांग की।