ये सभी फरार हो गए। पुलिस ने दबिश दी तो बुधवार रात खुद को बीजेपी नेता व अखिल भारतीय क्षत्रिय महासभा का राष्ट्रीय मंत्री बताने वाले हनुमंत विहार गल्लामंडी दीन दयाल पुरम निवासी गजेंद्र सिंह ने पुलिस कमिश्नर अखिल कुमार के सीयूजी नंबर पर फोन किया। पीआरओ ने फोन उठाया और पुलिस कमिश्नर के मीटिंग में होने की बात कही। इस पर गजेंद्र भड़क उठा और कार्यालय में चढ़ाई करने की धमकी दी।
इस पर पीआरओ ने डीसीपी साउथ का नंबर दे दिया। इसके बाद डीसीपी साउथ रविंद्र कुमार को फोन मिलाकर अभद्रता करने लगा। हिस्ट्रीशीटर अजय ठाकुर व उसके गुर्गे अभय भदौरिया को बेगुनाह बताते हुए फर्जी मुकदमे में फंसाने की बात कही। इसके बाद अभद्र भाषा में बातचीत करते हुए लाव लश्कर के साथ कार्यालय में चढ़ाई करने की धमकी दी। बातचीत के तीन ऑडियो सोशल मीडिया में वायरल हुए।
वायरल ऑडियो को संज्ञान में लेकर शुक्रवार को एडिशनल पुलिस कमिश्नर हरीश चंदर ने गजेंद्र के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज करने के आदेश दिए। बर्रा चौकी इंचार्ज शैलेंद्र सिंह की तहरीर पर मुकदमा दर्ज होने के बाद पुलिस उसके घर दबिश देने पहुंची तो कथित नेता बाइक लेकर पीछे के रास्ते से भाग निकला। इंस्पेक्टर दिनेश सिंह बिष्ट ने बताया कि रिपोर्ट दर्ज कर दबिश दी गई थी। आरोपी फरार हो गया है। अब कथित नेता की गिरफ्तारी के लिए सर्विलांस की मदद ली जा रही है। जल्द ही आरोपी पुलिस की गिरफ्त में होगा।
अजय ठाकुर पर दर्ज हैं 25 से ज्यादा मुकदमे
अपना दल एस की रैली में हमले के बाद फरार चल रहे हिस्ट्रीशीटर अजय ठाकुर पर पुलिस कमिश्नर अखिल कुमार के आदेश के बाद इनामी राशि 50 हजार से बढ़ाकर एक लाख रुपये कर दी गई है। गैंगस्टर अजय ठाकुर के खिलाफ बर्रा, किदवई नगर, नौबस्ता समेत कई थानों में हत्या का प्रयास, रंगदारी, लूट, बलात्कार समेत 25 से अधिक मुकदमे दर्ज है। यह 20 दिन से फरार चल रहा है।