कानपुर। ऐतिहासिक ग्रीनपार्क स्टेडियम में जल्द ही लाल मिट्टी की पिच तैयार होगी। इसके लिए अगले सप्ताह महाराष्ट्र से लाल मिट्टी शहर लाई जाएगी। पहले यह मिट्टी जून में ही आनी थी, लेकिन महाराष्ट्र में बारिश अधिक होने के कारण देरी हुई। यदि मौसम ठीक रहा और बारिश नहीं हुई तो अगस्त के अंतिम सप्ताह में पिच निर्माण का काम शुरु हो जाएगा।
यूपीसीए के सचिव अरविंद श्रीवास्तव ने बताया कि महाराष्ट्र से बॉम्बे रेड सॉइल को ग्रीनपार्क की पिच के लिए लाया जा रहा है। एक पिच के लिए फिलहाल 35 टन मिट्टी मंगाई गई है। इससे पिच बनने में 15 से 20 दिन का समय लगेगा। वहीं, किसी भी प्रकार का मुकाबला खेलने के लिए इस मिट्टी से आदर्श पिच चार से पांच महीनों में तैयार होगी।
फिलहाल ग्रीनपार्क स्टेडियम में वर्तमान में काली मिट्टी की नौ पिच हैं। इनका निर्माण उन्नाव के बीघापुर से आई मिट्टी से हुआ है। इन काली मिट्टी की पिचों में अभी तक अंतरराष्ट्रीय टेस्ट, वनडे, टी-20, आईपीएल और घरेलू मुकाबलों में कई रिकॉर्ड बने हैं।
इसलिए पड़ी लाल मिट्टी की पिच की जरूरत
ग्रीनपार्क में लाल मिट्टी की पिच नहीं होने से यूपी सीनियर टीम को काली मिट्टी की पिच पर अभ्यास करना पड़ता है। इससे दक्षिण क्षेत्र के स्टेडियम में लाल मिट्टी की पिच पर मैच होने पर टीम को अधिकतर हार का सामना करना पड़ता था। अब ग्रीनपार्क में लाल मिट्टी की पिच होगी, तो सीनियर टीम के साथ-साथ जूनियर टीम को भी इस पिच पर अभ्यास करने का मौका मिलेगा। यूपी टीम दक्षिण क्षेत्र में होने वाले मैचों में बेहतर प्रदर्शन कर ट्रॉफी जीत सकेगी।