पटना राजधानी एक्सप्रेस से सफर कर रही किशोरी प्रियंका की हत्या मामले में जांच कानपुर जीआरपी इंस्पेक्टर को सौंपी गई है। इस मामले में जीआरपी पटना में दर्ज रिपोर्ट को कानपुर ट्रांसफर कर दिया गया है। जांच के लिए दो टीमें दिल्ली और पटना रवाना हुई हैं। जीआरपी कानपुर के इंस्पेक्टर राममोहन राय जांच करने दिल्ली गए हैं। वहां वह उसके रहने की जगह, पढ़ने वाले स्कूल और पड़ोसियों से पूछताछ करेंगे।
कानपुर सेंट्रल पर किशोरी उतरी या नहीं, इसका खुलासा सीसीटीवी फुटेज से होगा। प्रियंका के अमित (25) ने बताया वह 18 सितंबर की रात दिल्ली-पटना राजधानी एक्सप्रेस से बहन को लेकर घर जा रहा था। कानपुर सेंट्रल स्टेशन पर उतर कर बहन बाथरूम गई थी। वह समझा कि बहन कोच में आकर सो गई होगी। वह भी सो गया। जब उठा तब देखा कि बहन सीट पर नहीं थी। फिर ट्रेन के पटना पहुंचने पर उसने जीआरपी में गुमशुदगी दर्ज कराई थी।
दूसरी ओर खागा कोतवाली क्षेत्र के सतनरैनी स्टेशन से पूरब की ओर रेलवे ट्रैक पर 19 सितंबर मंगलवार सुबह को किशोरी का शव मिला था। 21 सितंबर को शव की पहचान बिहार के जमुई जिले के सोनो थाना क्षेत्र के छप्परढीह निवासी भुवनेश प्रसाद महतो की बेटी प्रियंका (17) के रूप में की गई। वह कक्षा 11 की छात्रा थी। किशोरी की उम्र और तहरीर पर खड़े हो रहे सवाल किशोरी की उम्र को लेकर भी भ्रम की स्थिति है। आधार कार्ड में प्रियंका की उम्र 15 वर्ष है।