कानपुर देहात। शिवली थाना पुलिस ने रविवार तड़के चार बजे के करीब बैरी बस्ता कॉलोनी के पास खंडहर भट्टा के किनारे बनी कोठरी के बरामदे में दबिश देकर तीन शातिर चोरों को पकड़ लिया। वहीं पांच लोग अंधेरे का फायदा उठाकर भाग निकले। पुलिस ने मौके से चोरी में इस्तेमाल की जाने वाली पिकअप, बाइक व नकदी बरामद की है।
एसपी श्रद्धा नरेंद्र पांडेय ने बताया कि आपराधिक घटनाओं की रोकथाम के लिए अभियान चला कार्रवाई की जा रही है। रविवार की रात शिवली पुलिस को सूचना मिली कि कुछ लोग एक खंडहर ईंट भट्ठे के पास चोरी की योजना से छिपे बैठे हैं। जिनके पास एक पिकअप गाडी व मोटरसाइकिल भी है। इस पर शिवली पुलिस ने दबिश दी। टीम ने मौके से तीन व्यक्तियों को पकड़ा। पकड़े गए लोगों ने अपना नाम राहुल कटियार निवासी मकान नंबर 24-ए नानकारी आईआईटी थाना कल्यानपुर कानपुर, प्रांजुल पाल निवासी ग्राम रास्तपुर थाना शिवली, विशाल उर्फ बल्लू निवासी ग्राम टोडरपुर थाना शिवली बताया। तीनों की तलाशी लेने पर 9071 रुपये बरामद हुए।
मौके से भागने वालों की जानकारी की गई तो पूछताछ में तीनों ने बताया कि उनके साथ विशाल जाटव, सूरज शुक्ला निवासी ग्राम रास्तपुर थाना शिवली, निर्मल यादव निवासी ग्राम भगवन्तपुर थाना रनियां, पंकज पाल व कल्लू निवासी ग्राम रास्तपुर थाना शिवली थे। एसपी ने बताया कि पकड़े गए व्यक्ति शातिर चोर है। पूछताछ करने पर तीनों ने बताया कि वह लोग गांव-गांव में मोटरसाइकिल से घूमकर रेकी करते हैं कि किस घर में चोरी करनी है। फिर वह सभी लोग रात में अपनी मोटर साइकिल व पिकअप लेकर उसी गांव के किनारे सही जगह देखकर अपनी गाडियां खड़ी कर देते थे और भैंसो की चोरी कर पिकअप में लाद कर ले जाते थे।
उनके दो साथी मोटरसाइकिल से आगे-आगे चलकर पुलिस की चेकिंग से बचते हुए रास्ता देखकर निकल जाते थे। चोरी की गई भैंसों को इरशाद निवासी ग्राम मदारीखेडा सरसौल थाना महाराजपुर, अखण्ड प्रताप सिंह, मो. फैजल निवासी ग्राम मछरिया नौबस्ता को बेच देते हैं। बताया कि जिन्हें भैंस बेचते थे वह जानते हैं कि चोरी की भैंस हैं इसलिए उन्हें सस्ते दामो में खरीद लेते है। चोरी की भैंसों को बेचकर जो रुपया प्राप्त होता था उसे वह आपस में बराबर बांट लेते थे। गाड़ी मालिक रिषभ दीक्षित को भी हिस्सा देते थे। बताया कि चोरी में संलिप्त लोगों की तलाश की जा रही है। जल्द ही गिरफ्तारी कर कार्रवाई की जाएगी।