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Kanpur: दसवें दिन भी पुलिस की कार्रवाई जारी, छह और वसूलीबाजों पर गिरी गाज, बिधनू और नौबस्ता में एफआईआर दर्ज

Thu, 08 Aug 2024 02:49 PM IST
हिमांशु अवस्थी न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर

सार

Kanpur News: नजूल संपत्ति के मामले में वसूलीबाजों पर पुलिस की कार्रवाई जारी है। इसके तहत 10वें दिन बिधनू और नौबस्ता थाने में छह वसूलीबाजों के खिलाफ केस दर्ज किया गया है।
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किदवई नगर स्थित पूर्व अध्यक्ष अवनीश दीक्षित घर पुलिस पहुंची. - फोटो : amar ujala
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विस्तार
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कानपुर में करोड़ों की जमीन कब्जाने के प्रयास के मामले में प्रेस क्लब के पूर्व अध्यक्ष अवनीश दीक्षित के जेल जाने के बाद शुरू हुई पुलिस की वसूलीबाजों पर कार्रवाई दसवें दिन भी जारी रही। पुलिस ने बिधनू और नौबस्ता थाने में छह वसूलीबाजों के खिलाफ केस दर्ज किया है।

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नौबस्ता थानाक्षेत्र के किदवईनगर वाई ब्लॉक निवासी ट्रांसपोर्टर मोहित बाजपेई के यशोदानगर बाईपास पर कार्यालय है। आरोप है पिछले साल बर्रा विश्वबैंक निवासी यूट्यूबर सुलभ जासवाल, संघर्षनगर निवासी प्रदीप राठौर, आशीष अवस्थी, दीपक शर्मा व आयुष मिश्रा सड़क किनारे गाड़ी खड़ी कराने के एवज में 25 हजार रुपये प्रतिमाह की मांग कर रहे थे।
इन्कार पर आरोपियों ने उनके खिलाफ पहले सोशल मीडिया पर फर्जी सूचनाएं प्रसारित की। इसके बाद दो फर्जी मुकदमे भी दर्ज करा दिए। विवेचना के दौरान आरोप फर्जी मिलने पर मामलों में फाइनल रिपोर्ट लग गई लेकिन आरोपी रुपये की मांग करते रहे। तीन माह पहले वह अपनी पत्नी के साथ देवकीनगर चौराहे पर पानी बताशे खा रहे थे, तभी आशीष अवस्थी ने अपने साथियों संग मिलकर गाली गलौज किया।

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विद्यालय से संबंधित झूठे आरोप लगाए
इसके विरोध पर पत्नी और बच्चों सहित जान से मारने की धमकी दी। वहीं बिधनू के सिंहपुर स्थित प्राथमिक विद्यालय के शिक्षक पीयूष गौतम का आरोप था कि 29 जुलाई को उनके मोबाइल पर एक अन्जान नंबर से कॉल आई। कॉल करने वाले शख्स ने खुद को पत्रकार बताते हुए विद्यालय से संबंधित झूठे आरोप लगाते हुए मिलने की बात कही। अवकाश पर होने के चलते वह नहीं आ सके।
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रिपोर्ट दर्ज कर मामले की जांच शुरू
इस पर आरोपी ने जिला बेसिक अधिकारी से शिकायत कर दी।  संकुल प्रभारी दीपक सिंह की पड़ताल में आरोप गलत पाए गए, लेकिन आरोपी उनपर झूठे मामले में फंसाने का दबाव बनाता रहा। इसके चलते वह काफी डिप्रेशन में चल रहे थे। उन्होंने डीसीपी साउथ से शिकायत की, जिसके बाद बिधनू पुलिस ने मोबाइल नंबर के आधार पर रिपोर्ट दर्ज कर मामले की जांच शुरू कर दी है।
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