कानपुर। कम ऊंचाई वाले प्लेटफॉर्मों से ट्रेन में चढ़ने-उतरने में होने वाली परेशानी जल्द दूर होगी। उत्तर मध्य रेलवे के प्रयागराज मंडल ने पुराने प्लेटफॉर्मों का स्तर बढ़ाने की तैयारी शुरू कर दी है। पहले चरण में 39 स्टेशनों के 55 प्लेटफॉर्म चिह्नित किए गए हैं। इनमें कानपुर के चकेरी, चंदारी, रूमा, करबिगवां, प्रेमपुर और कंसपुर गुगौली स्टेशन शामिल हैं। जरूरत के अनुसार प्लेटफॉर्म की ऊंचाई बढ़ाई जाएगी।
कम ऊंचाई वाले प्लेटफॉर्म पर ट्रेन के कोच का पायदान काफी ऊपर होता है। ऐसे में यात्रियों को पहले सीढ़ी पर पैर रखना और फिर ऊपर चढ़ना पड़ता है। भीड़ और ट्रेन पकड़ने की जल्दबाजी में बुजुर्गों, बच्चों और भारी सामान के साथ सफर करने वालों को सबसे ज्यादा दिक्कत होती है। प्लेटफॉर्म का स्तर बढ़ने से पायदान और प्लेटफॉर्म के बीच ऊंचाई का अंतर कम होगा।
रेलवे के जनसंपर्क अधिकारी अमित कुमार सिंह ने बताया कि प्रयागराज मंडल के कई छोटे स्टेशन पुराने रेल ढांचे के समय विकसित हुए थे। समय के साथ ट्रेनों और यात्रियों की संख्या बढ़ी, लेकिन कई जगह प्लेटफॉर्म का स्तर पुराना ही रहा। अब इन्हें यात्री सुविधाओं के अनुरूप विकसित किया जा रहा है। चिह्नित स्टेशनों पर प्लेटफॉर्मों की ऊंचाई बढ़ाने का काम एक साल में पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है।
ये स्टेशन भी सूची में
कानपुर के अलावा कानपुर देहात का मैथा, मैनपुरी व भोगांव, इटावा के जसवंतनगर, फर्रुखाबाद के नीब करौरी और हाथरस समेत मंडल के अन्य स्टेशन भी योजना में शामिल हैं।