पनकी एटूजेड कूड़ा प्लांट के सामने हाईवे पर तेज रफ्तार ट्रक ने बाइक सवार भीमसेन जीआरपी एसओ को रौंद दिया। घायल को शहर के एक प्राइवेट अस्पताल लाया गया जहां उसकी मौत हो गई। एसओ हेलमेट पहने तो थे लेकिन उसकी बेल्ट नहीं लगाए थे। इससे टक्कर लगते ही हेलमेट दूर जा गिरा और सिर पर गंभीर चोट आई।
भीमसेन जीआरपी थाना प्रभारी कुंवर बहादुर सिंह पटेल (33) मूल रूप से इलाहाबाद मऊआयमा के शांतिनगर कॉलोनी में रहने वाला था। पिता जंग बहादुर पटेल की जगह मृतक आश्रित में नौकरी मिली थी। एक सप्ताह पूर्व ही उरई से ट्रांसफर होकर भीमसेन जीआरपी थाना प्रभारी बनाया गया था। घर में पत्नी सपना और दस माह की बेटी सानिया है। शहर ट्रांसफर होने के बाद जाजमऊ जेके कॉलोनी स्थित ससुराल में परिवार सहित ठहरा था।
रविवार दोपहर थाने से काम निपटाने के बाद कुंवर बाइक से कहीं जा रहा था। एटूजेड प्लांट के सामने हाईवे पर पहुंचा ही था कि पीछे से आए तेज रफ्तार ट्रक ने रौंद दिया। पनकी पुलिस और एंबुलेंस कुंवर को रीजेंसी लाए। जहां डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया। हादसे की जानकारी मिलते ही पत्नी सपना साला अरुण कटियार सहित अन्य लोग हॉस्पिटल पहुंचे। एसपी पश्चिम सचींद्र पटेल, काकादेव इंस्पेक्टर सहित कई थाने का फोर्स रीजेंसी हॉस्पिटल पहुंचा। एसपी पश्चिम ने एसएसपी शलभ माथुर को हादसे की जानकारी दी।
हेलमेट की बेल्ट बांधना जरूरी
हादसे के वक्त कुवंर बहादुर हेलमेट तो लगाए हुए थे, लेकिन उसकी बेल्ट गर्दन से नहीं बंधी थी। जिससे हादसा होते ही हेलमेट उछलकर दूर जा गिरा। सिर और चेहरे पर गंभीर चोट लगने से मौत हो गई।
शादी के ढाई साल बाद ही उजड़ा सुहाग
ढाई साल पहले अरुण की शादी सपना से हुई थी। दंपति के दस माह की बेटी सानिया है। पति का शव देखते ही सपना जोर-जोर से दहाड़े मारकर रोने लगी। कहा मुझसे झूठ क्यों बोला कि सब ठीक है। मुझसे बोलकर गए थे कि शाम को जल्दी घर आएंगे।