शियाधर्म गुरु मोहम्मद कल्बे जव्वाद ने कहा है कि वह मजलिस ए इत्तेहादुल मुस्लिमीन (एमआइएम) के नेता अकबरुद्दीन ओवैसी के यूपी में प्रवेश पर रोक लगाने के खिलाफ हैं। वह ओवैसी की सोच का समर्थन करते हैं। ओवैसी शिया और सुन्नी को एक करना चाहते हैं जबकि सपा दोनों को लड़ाकर सत्ता पर राज करना चाहती है। इससे पहले भी सपा ने सांप्रदायिक मतभेद पैदा करके सत्ता पर राज किया। कल्बे जव्वाद जूही परमपुरवा में मरहूम सईद जहीर हसन रिजवी के चालीसवें की मजलिस में शिरकत करने आए थे।
कार्यक्रम में कल्बे जव्वाद ने कहा कि सपा सरकार केवल अपनों के फायदे की सोच रही है। उसे आम जनता की कोई फिक्र नहीं है, जिसका खामियाजा उसे 2017 के विधानसभा चुनाव में देखने को मिलेगा। सरकार केवल मुस्लिमों ही नहीं बल्कि प्रदेश के हर व्यक्ति के साथ धोखा कर रही है। सरकारी नौकरी में केवल उन लोगों को भर्ती किया जा रहा है, जो मैनपुरी, इटावा और कन्नौज के रहने वाले हैं। जव्वाद ने कहा कि वह ओवैसी के साथ हैं। अगर उनकी पार्टी प्रदेश में चुनाव लड़ती है तो वह उसका खुलकर समर्थन करेंगे। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की सोच की तारीफ करते हुए कहा कि वह देशहित में काम कर रहे हैं। उनकी योजनाएं भविष्य के लिए कारगर हैं। आने वाले वक्त में देश ऊंचाइयों को छुएगा। उन्होंने कहा कि मोदी ने ही मुसलमानों को गद्दार कहने वाली भाजपा पार्टी की सोच बदली है। मोदी की इस सोच से देश का हित सुनिश्चित है। इस मौके पर युवा मुस्लिम परिषद के राष्ट्रीय अध्यक्ष डॉ. सुहैल चौधरी, महासचिव एवं प्रवक्ता साजिद हुसैन आजमी, जफर खान, रियाज अली नकबी आदि मौजूद रहे।