कानपुर। कानपुर रिंग रोड और मंधना-अनवरगंज एलिवेटेड रेलवे ट्रैक परियोजनाओं को गति देने के लिए जिला प्रशासन ने लंबित मामलों के निस्तारण के निर्देश दिए हैं। रिंग रोड के पैकेज-3 में बाधा बन रहे सीयूजीएल के पंप कार्यालय और विद्युत उपकेंद्र के प्रभावित हिस्सों को शिफ्ट किया जाएगा। वहीं 15.51 किलोमीटर लंबे एलिवेटेड रेलवे ट्रैक की टेंडर प्रक्रिया जल्द पूरी करने को कहा गया है।
शुक्रवार को सरसैया घाट स्थित नवीन सभागार में डीएम महेंद्र सिंह तंवर ने दोनों परियोजनाओं की समीक्षा की। उन्होंने संबंधित विभागों को आपसी समन्वय से भूमि, मुआवजे और परिसंपत्तियों की शिफ्टिंग से जुड़े मामलों का समाधान करने के निर्देश दिए। रिंग रोड के पैकेज-3 के प्रस्तावित मार्ग में सीयूजीएल के पंप कार्यालय का कुछ हिस्सा आ रहा है। डीएम ने गैस पाइपलाइनों की शिफ्टिंग कराने को कहा। इसी पैकेज में दक्षिणांचल विद्युत वितरण निगम के उपकेंद्र का हिस्सा भी प्रभावित हो रहा है। इसकी बाधाएं दूर करने के निर्देश दिए गए।
प्रभावित मकानों और जमीन का होगा निस्तारण
मंधना-अनवरगंज एलिवेटेड रेलवे ट्रैक के लिए बगदौदी बांगर, कल्याणपुर कला और जरीब चौकी क्षेत्र में प्रभावित मकानों और जमीन के मामलों का निस्तारण किया जाएगा। डीएम ने भू-स्वामियों और भवन स्वामियों से संवाद कर नियमानुसार भूमि प्राप्त करने और उचित मुआवजा देने को कहा। चकबंदी समीक्षा में अधिकारियों ने बताया कि जिले के 38 गांवों में प्रक्रिया चल रही है। इनमें तीन गांवों में वर्ष के अंत तक धारा-52 के तहत अधिसूचना प्रकाशित कर चकबंदी पूरी करने का लक्ष्य है। डीएम ने लंबित वादों, भूमि अभिलेखों और चकों के आवंटन से जुड़े मामलों का निस्तारण करने तथा किसानों की शिकायतों पर प्राथमिकता से कार्रवाई के निर्देश दिए।