यूपी के उन्नाव जिले में एनजीटी ने दोनों सीईटीपी (कामन इंफ्लुएंट ट्रीटमेंट प्लांट) से जुड़ी सभी 41 टेनरियों को बंद करने का आदेश दिया है। एनजीटी के आदेश से चमड़ा उद्योग में खलबली मच गई है।
गंगा को प्रदूषण मुक्त करने के लिए एनजीटी की सख्ती के बाद सीपीसीबी ने औद्योगिक क्षेत्र बंथर और दही चौकी स्थित सीईटीपी में शोधन के बाद निकलने वाले पानी की जांच कराई।
टीम ने पंद्रह दिन पहले लगातार पांच दिनों तक सैंपल लेकर जांच कराई। जांच रिपोर्ट में सीईटीपी से निकलने वाला पानी प्रदूषित होने की पुष्टि होने पर एनजीटी ने सख्त कदम उठाते हुए दोनों सीईटीपी से जुड़ी टेनरियों को बंद कराने के आदेश दिए हैं।
एनजीटी के आदेश से बंथर औद्योगिक क्षेत्र की 27 और दहीचौकी क्षेत्र की 14 टेनरियों में ताला बंदी हो जाएगी। इस कार्रवाई का सबसे ज्यादा असर चमड़ा उद्योग और स्लाटर हाउसों पर पड़ेगा।
प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के क्षेत्रीय अधिकारी विमल कुमार ने बताया कि दोनों सीईटीपी और उनसे जुड़ी टेनरियों को बंद करने का आदेश एनजीटी की ओर से शुक्रवार को मिला है। सीईटीपी और संबंधित टेनरियों के प्रबंधन को इसकी जानकारी दे दी गई है।