Kanpur News: विशेष लोक अभियोजक घनश्याम श्रीवास्तव ने बताया कि 29 फरवरी 2024 को नौबस्ता पुलिस ने सोनू को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था। गुरुवार को जेल से पेशी के दौरान उसे गैंगस्टर कोर्ट लाया जा रहा था, तभी वह चकमा देकर भाग निकला।
कानपुर में गैंगस्टर के 25 साल पुराने मुकदमे में गिरफ्तारी वारंट जारी होने पर एक माह पहले अभियुक्त को नौबस्ता पुलिस ने गिरफ्तार कर जेल भेजा था। गुरुवार को विशेष न्यायाधीश गैंगस्टर एक्ट की कोर्ट में उसे पेश करना था। इससे पहले ही अभियुक्त फरार हो गया। वर्ष 1999 में नौबस्ता थाने में गैंगस्टर एक्ट का एक मुकदमा दर्ज किया गया था।
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इसमें किदवई नगर निवासी रवि अवस्थी, आईआईटी नानकारी निवासी लाल जी शर्मा उर्फ राजू शर्मा, नौबस्ता के देवकी नगर निवासी संतोष, जूही गढ़ा निवासी सोनू सिंह के अलावा भानु प्रताप व मो. उस्मान को आरोपी बनाया गया था। छह आरोपियों के खिलाफ गैंगस्टर की कार्रवाई चल रही थी। इसमें से भानु प्रताप व मोहम्मद उस्मान की फाइल अलग कर दी गई है।
वहीं, बाकी चार आरोपी फरार चल रहे थे। इनके खिलाफ गिरफ्तारी वारंट व कुर्की की कार्रवाई चल रही थी। विशेष लोक अभियोजक घनश्याम श्रीवास्तव ने बताया कि 29 फरवरी 2024 को नौबस्ता पुलिस ने सोनू को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था। गुरुवार को जेल से पेशी के दौरान उसे गैंगस्टर कोर्ट लाया जा रहा था। कोर्ट में पेश करने से पहले कोर्ट के बाहर ही पुलिसकर्मियों ने उसकी हथकड़ी खोली, तो वह चकमा देकर भाग निकला।