कानपुर देहात। अकबरपुर तहसील में शनिवार को जिला स्तरीय संपूर्ण समाधान दिवस में एक किसान ने निस्तारण आख्या पर सवाल उठाए। कहा कि ठेकेदार की लापरवाही से नलकूप की बोरिंग फेल हो गई। इधर लघु सिंचाई विभाग के अधिकारियों ने निस्तारण से संतुष्ट होने की फर्जी आख्या लगा दी।
संपूर्ण समाधान दिवस में फरियाद के बाद भी समाधान नहीं मिलने की शिकायतें हैं। शनिवार को इस तरह से प्रकरण अकबरपुर तहसील में जिला स्तरीय संपूर्ण समाधान दिवस में सामने आए। सुनवाई डीएम कपिल सिंह व एसपी श्रद्धा नरेंद्र पांडेय ने की। बेवन निवासी मनोज कुमार ने बताया कि खेत में नलकूप की बोरिंग कराई है। आरोप लगाया कि ठेकेदार ने बोरिंग के बाद कंप्रेसर से सफाई का काम अधूरा छोड़ दिया। इस पर बीते दो मई को संपूर्ण समाधान दिवस में शिकायत की थी। इसपर ठेकेदार ने लापरवाही से कंप्रेसर से बोरिंग सफाई की। इससे बोरिंग खराब हो गई है। बोरिंग से बेहद कम पानी निकल रहा है। इससे वह संतुष्ट नहीं है।
इधर लघु सिंचाई विभाग के अधिकारियों ने संतुष्ट होने की आख्या लगाकर शिकायत निस्तारित कर दी। अब बोरिंग प्रमाण पत्र भी संतुष्ट होना लिखकर देने पर ही उपलब्ध कराने को कहा जा रहा है। एक्सईएन लघु सिंचाई को जांच सौंपी गई। वहीं, मुक्तापुर टप्पा सैंथा निवासी मुन्नालाल ने बताया कि राजस्व अभिलेख में उसके खेत के पास कोई रास्ता नहीं है। आरोप लगाया कि कुछ लोग जबरन निजी भूमि पर रास्ता बनवा रहे हैं। मना करने पर झगड़ा पर आमादा हैं। पूर्व में शिकायत की थी लेकिन समाधान नहीं हो सका है। नायब तहसीलदार गजनेर को स्वयं जांच करने के निर्देश दिए गए। डीएम ने कहा कि प्रत्येक शिकायत का मौके पर जाकर समाधान कराया जाए। शिकायतकर्ता से बात कर निस्तारण किया जाए। कुल 171 शिकायतें रहीं। इसमें केवल एक शिकायत का मौके पर निस्तारण हो सका। एडीएम वित्त एवं राजस्व दुष्यंत कुमार मौर्य, एसडीएम नीलिमा यादव व जिला स्तरीय अधिकारी मौजूद रहे। सिकंदरा तहसील में एसडीएम प्रद्युम कुमार ने शिकायतें सुनी।
यहां 108 में दो का का निस्तारण हो सका। यहां सीओ प्रिया सिंह, तहसीलदार राकेश चंद्रा मौजूद रहे। मैथा तहसील में एडीएम न्यायिक दिग्विजय सिंह की अध्यक्षता में शिकायतें सुनी गईं। 180 शिकायतों में एक का मौके पर निस्तारण कराया गया। यहां एसडीएम श्याम नारायण शुक्ला, तहसीलदार सुनील कुमार, नायब तहसीलदार सुधीर यादव, शिवली थाना प्रभारी अमरेंद्र बहादुर सिंह आदि मौजूद रहे ।
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घरौनी के लिए तहसील पहुंची मीरा, डीएम ने दिलाई
कानपुर देहात। रूरा के सराय गढ़ेवा निवासी मीरा देवी पत्नी मोनू शनिवार को अकबरपुर तहसील पहुंचीं। उन्होंने डीएम को प्रार्थना पत्र दिया कि घरौनी नहीं मिली है। डीएम ने एसडीएम को निर्देशित किया। इसके बाद घरौनी का प्रिंट निकलवाया गया। डीएम ने मीरा को घरौनी दी। (संवाद)
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दूसरे के खाते में भेज दी कॉलोनी की किस्त
रसूलाबाद। तहसील में सीडीओ विधान जायसवाल ने शिकायतें सुनीं। दशहरा सुजानपुर निवासी अमित कुमार ने बताया कि प्रधानमंत्री आवास योजना की तीसरी किस्त अमित मौर्य नाम के व्यक्ति के बैंक खाते में भेज दी गई है। बीते छह दिसंबर 2025 को शिकायत की थी, अब तक समाधान नहीं हुआ। बीडीओ को जांच सौंपी गई। माल का पुरवा की ग्राम प्रधान सीमा देवी ने बताया कि ऊसर में दर्ज भूमि पर बरातशाला व पंचायत उत्सव भवन निर्माण का प्रस्ताव है। कुछ लोग झोपड़ी रखकर इस जमीन पर कब्जा किए हैं। सीडीओ ने तहसीलदार को जांच सौंपी। एसडीएम शिखा संखवार, तहसीलदार संतोष कुमार सिंह आदि रहे। (संवाद)
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तीन दिन का आश्वासन, नौ दिन बीते
डेरापुर। तहसील में एसडीएम शालिनी उत्तम व सीओ सौरभ वर्मा ने शिकायतें सुनीं। खल्ला निवासी कृष्ण मोहन शुक्ला ने बताया कि डेरापुर-रसधान मार्ग के चौड़ीकरण के दौरान रानीपुर नाले पर लघु पुल निर्माण कार्य दो माह से बंद है। बारिश सीजन में अब डेढ़ माह बाकी है। पूर्व में शिकायत की थी इस पर एक्सईएन ने तीन दिन में काम शुरू कराने का आश्वासन दिया था लेकिन नौ दिन बीत चुके हैं। वहीं रतनियापुर-खल्ला मार्ग क्षतिग्रस्त होने की शिकायत की। आश्वासन का समय सीमा बीत गई लेकिन काम शुरू नहीं हो सका है। एसडीएम ने लोक निर्माण विभाग के एक्सईएन को जांच सौंपी। (संवाद)
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19 साल पहले हुआ पट्टा, आज तक नहीं मिला कब्जा
पुखरायां। भोगनीपुर तहसील में संपूर्ण समाधान दिवस पर एसडीएम ने शिकायतें सुनी। डिलौलिया बांगर निवासी रामायन प्रसाद ने बताया कि 2007 में एक बीघा जमीन का पट्टा हुआ था। भूमि इंतखाब में चढ़ी है लेकिन 19 साल बीत गए अभी तक कब्जा नहीं मिला है। इस पर जांच के आदेश दिए गए। अकोढ़ी निवासी राजनारायण ने बताया कि हर घर नल के तहत घर में कनेक्शन कराया था लेकिन एक साल से घर में पानी नहीं आ रहा है। ठेकेदार व कंपनी के अधिकारियों से फरियाद की लेकिन समाधान नहीं कराया गया। यहां तहसीलदार प्रिया देवी, नायब तहसीलदार अभिनव चतुर्वेदी आदि मौजूद रहे। (संवाद)