कानपुर। देश के पूर्वोत्तर राज्यों में औद्योगिक संभावनाओं को मजबूती देने के क्रम में आईआईए के प्रतिनिधिमंडल ने अरुणाचल प्रदेश और असम का दौरा किया। अरुणाचल प्रदेश में सोलह समझौता ज्ञापन पर हस्ताक्षर किए गए। वहीं एमएसएमई नॉलेज बैंक से दोनों राज्यों में उद्यमिता को बढ़ावा देने पर जोर दिया गया।
आईआईए के राष्ट्रीय अध्यक्ष दिनेश गोयल और वरिष्ठ उपाध्यक्ष आलोक अग्रवाल ने बताया कि अरुणाचल यूनिवर्सिटी ऑफ स्टडीज (एयूएस) का दौरा किया गया। इसका उद्देश्य पूर्वोत्तर भारत की औद्योगिक क्षमता को बढ़ाना और क्षेत्र में निवेश को बढ़ावा देना था। इस दौरान कृषि क्षेत्र से जुड़े 16 एमओयू किए गए। अरुणाचल प्रदेश के शिक्षा मंत्री पासंग दोरजी सोना और विधायक वांगलिन लोवांगदोंग के साथ बैठक की गई। इसमें नामसाई, तिनसुकिया और आसपास के जिलों के उद्यमियों ने भाग लिया। इस दौरान उद्यमियों को सशक्त बनाने के लिए एमएसएमई नॉलेज बैंक शुरू करने की घोषणा की है। यह बैंक केंद्र और उत्तर प्रदेश सरकार की नीतियों को बढ़ावा देगा।
अरुणाचल प्रदेश में कृषि उत्पादों और औषधीय पौधों के लिए प्राथमिक प्रसंस्करण इकाइयां स्थापित करने पर चर्चा हुई। इनमें संतरा, कीवी, हल्दी, अदरक, सुपाड़ी और बड़ी इलायची शामिल हैं। ये इकाइयां उत्तर प्रदेश में स्थित अंतिम प्रसंस्करण संयंत्रों के लिए फीड यूनिट के रूप में कार्य करेंगी। वरिष्ठ उपाध्यक्ष ने बताया कि असम दौरे के दौरान असम के राज्यपाल लक्ष्मण प्रसाद आचार्य के साथ भेंट की गई। बैठक में असम के उद्योग आयुक्त और उद्योग विभाग के ओएसडी भी शामिल रहे। इस दौरान स्किल डेवलपमेंट और प्लेसमेंट क्षेत्र में तालमेल बिठाने पर चर्चा हुई।