कन्नौज में कोर्ट परिसर से भागे कुकर्म के दोषी ने 25 दिन बाद समर्पण कर दिया। वह अपराध साबित होने पर कोर्ट परिसर से भाग गया था। पुलिस ने उसे पकड़ने के लिए कई जगह दबिश दीं। उसे पकड़ नहीं सके थे। शनिवार को दोषी ने कोर्ट पहुंचकर समर्पण कर दिया।
उसे 10 दिसंबर तक के लिए जेल भेज दिया गया। शासकीय अधिवक्ता तरुण चंद्रा ने बताया कि इंदरगढ़ थाना क्षेत्र के गांव मंसुखपुरवा निवासी राकेश यादव पुत्र राम भरोसे पर 13 नवंबर को विशेष न्यायाधीश पॉक्सो एक्ट में कुकर्म की सुनवाई चल रही थी।
इसमें उस पर अपराध साबित हो गया। कोर्ट से पुकार होते ही राकेश यादव परिसर से भाग गया था। कोर्ट ने पुलिस को जल्द पकड़ने के आदेश दिए थे। इस दौरान पुलिस ने उसे पकड़ने के लिए कई दबिश दीं। उसका पता नहीं लगा। सात दिसंबर को राकेश यादव ने कोर्ट पहुंचकर समर्पण कर दिया।
विशेष न्यायाधीश पॉक्सो एक्ट/अपर सत्र न्यायाधीश आरबी सरोज ने उसे 10 दिसंबर तक जेल भेज दिया। बाद में सुनवाई कर सजा सुनाई जाएगी। राकेश यादव ने नौ अक्तूबर 2017 को कक्षा 12 में पढ़ने वाले 16 वर्षीय छात्र को स्कूल से लौटते समय रोड पर रोक लिया था।
छात्र को हकला कर बोलते देखकर जड़ी-बूटी से ठीक करने की बात कहते हुए 10 अक्तूबर को घर बुलाया था। छात्र के घर पहुंचने पर राकेश ने कमरे में बंधक बनाकर कुकर्म किया। पुलिस ने पीड़ित के पिता की तहरीर पर राकेश के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया था।