घर से 500 मीटर दूर घाटूखेड़ा मोड़ के पास सामने से विपरीत दिशा से आ रहे मिट्टी लदे डंपर ने बाइक में टक्कर मार दी। डंपर दीपापुर से मिट्टी लादकर सुभौली जा रहा था। सड़क पर गिरे दंपती की पहियों के नीचे आने से मौके पर ही मौत हो गई। वहीं, बाइक चला रहा बेटा गंभीर रूप से घायल हो गया। हादसे के बाद चालक घटनास्थल से 200 मीटर डंपर खड़ाकर फरार हो गया।
आरोप- पुलिस की सह पर ही क्षेत्र में खनन हो रहा है
इस बीच ग्रामीणों ने हंगामा शुरू कर दिया। आरोप लगाया कि पुलिस की सह पर ही क्षेत्र में खनन हो रहा है। इसके अलावा हादसे के बाद पुलिस ने ढाई लाख रुपये लेकर समझौता करने का दबाव भी बनाया। सूचना पर सर्किल के फोर्स संग मौके पर पहुंचे एसीपी दिलीप कुमार सिंह ने ग्रामीणों को समझाने का प्रयास किया, लेकिन वे मौके पर ही मांग मनवाने पर अड़े रहे।
गैर इरादतन हत्या की रिपोर्ट दर्ज
ग्रामीण मुआवजा दिए जाने, डंपर चालक और खनन माफियाओं पर कार्रवाई की मांग पर अड़े थे। करीब पांच घंटे बाद ग्रामीणों ने शव उठने दिए। दोपहर डेढ़ बजे पुलिस ने शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेजा है। इस दौरान सड़क पर दोनों ओर लंबा जाम लगा रहा। डंपर चालक के खिलाफ लापरवाही से गाड़ी चलाने और गैर इरादतन हत्या की रिपोर्ट दर्ज की गई है।
समझौते का दबाव बनाने का आरोप गलत
वहीं, महाराजपुर इंस्पेक्टर सुरेंद्र सिंह का कहना है कि ग्रामीण मौके पर ही मुआवजा दिए जाने की मांग कर रहे थे। उन्हें आश्वासन दिया गया कि तहसीलदार से कहकर बटाईदार के नाम पर किसान बीमा व आपदा कोष से पांच-पांच लाख रुपये दिलाने का प्रयास किया जाएगा। डंपर मालिक से भी मुआवजा दिलवाने का आश्वासन दिया। समझौते का दबाव बनाने का आरोप गलत है।
सीमा विवाद में उलझी रही पुलिस, पीआरवी ने घायल बेटे को पहुंचाया सीएचसी
महाराजपुर और नरवल थाने की पुलिस सीमा विवाद में उलझी रही और करीब एक घंंटे तक मौके पर नहीं पहुंची। इसके चलते दंपती के शव क्षत-विक्षत सड़क पर पड़े रहे और घायल बेटा श्रीराम दर्द से कराहता रहा। ग्रामीणों के गुस्से का एक कारण यह भी रहा। श्रीराम को तड़पता देख ग्रामीणों ने एम्बुलेंस का इंतजार न कर पीआरवी की मदद से उसे सीएचसी सरसौल भेजा। श्रीराम का बायां पैर टूट गया है। वहीं सिर और शरीर के अन्य हिस्सों में चोट हैं।
हादसे के दो बड़े कारण
पहले पोल में मारी थी टक्कर, तारों से बचने के लिए उल्टी दिशा में था डंपर
स्थानीय निवासी पूर्व प्रधान अब्दुल कलाम ने बताया कि जिस डंपर ने दंपती को टक्कर मारी थी, उसी ने हादसे के एक घंटे पहले घटनास्थल पर सड़क किनारे लगे बिजली के पोल में टक्कर मार दी थी। इससे पोल क्षतिग्रस्त हो गया और तार सड़क पर फैल गए थे। इसी पोल और तारों से बचने के लिए लौटते समय चालक डंपर को उल्टी दिशा में दौड़ा रहा था।
विवादित प्लाट पर कब्जा करने के लिए डलवाई जा रही थी मिट्टी
महाराजपुर और राजापुर बदरसा निवासी दो लोगों का सुभौली के मुन्ना यादव से प्लाट को लेकर विवाद चल रहा है। आरोप है कि पिछले कुछ दिनों से प्लाट में जबरन कब्जे की नीयत से मिट्टी डलवा रहे है। इसकी शिकायत मुन्ना यादव ने महाराजपुर थाने में कि थी। थानाप्रभारी ने मामले की जांच कुलगांव चौकी इंचार्ज नितिन मलिक को दी।
पूरे मामले की जांच एसीपी चकेरी को दी गई है। पता लगाया जाएगा कि मिट्टी खनन वैध तरीके से कराया जा रहा है या अवैध। इसके अलावा डंपर चालक के साथ मालिक को भी आरोपी बनाया गया है। मिट्टी कहां से कहां जा रही थी। पुलिस की इसमें संलिप्तता है कि नहीं इसकी भी जांच कराई जा रही है। भूमिका मिलने पर सख्त कार्रवाई की जाएगी। -श्रवण कुमार सिंह, डीसीपी पूर्वी