महोबा जिले में गुरुवार शाम अचानक मौसम बदलने व तेज हवाओं के साथ बूंदाबांदी के बीच चार स्थानों पर बिजली गिरने से दो चरवाहों की मौत हो गई जबकि महिला समेत तीन लोग झुलस गए। बिजली की चपेट में आने से दस बकरियों की भी जान चली गई। सूचना पर अधिकारियों ने मृतकों के परिजनों को हरसंभव सरकारी मदद दिलाने का भरोसा दिया।
कोतवाली चरखारी के गुढ़ा गांव निवासी हरिकिशन (60), सुखलाल अहिरवार (59) व संतराम राजपूत (50) दोपहर को बकरियां चराने खेतों की ओर गए थे। तभी अचानक तेज हवाओं के साथ बूंदाबांदी शुरू हो गई। इससे चरवाहे एक पेड़ के नीचे खड़े हो गए। तेज गड़गड़ाहट के साथ बिजली गिरने से तीनों अचेत हो गए। आसपास खेतों में मौजूद किसानों ने परिजनों को सूचना दी। गंभीर हालत में तीनों को सीएचसी चरखारी पहुंचाया गया। जहां डॉक्टर ने हरिकिशन और सुखलाल को मृत घोषित कर दिया जबकि संतराम की हालत गंभीर होने पर जिला अस्पताल रेफर किया गया।
सूचना मिलते ही नायब तहसीलदार आलोक मिश्रा, कोतवाल गणेश कुमार गुप्ता, कानूनगो प्रदीप खरे व लेखपाल श्रीकुमार मौके पर पहुंचे और घटनास्थल की जांच की। बिजली गिरने से एक साथ दो लोगों की मौत से गांव में मातम का माहौल है। पुलिस ने शवाें को पोस्टमार्टम के लिए भेजा है।
दूसरी घटना सालट गांव की है। यहां बिजली की चपेट में आने से महिला समेत दो लोग झुलस गए। गांव का मनमोहन खेत पर कृषि कार्य कर रहा था। बिजली गिरने से वह अचेत हो गया। वहीं, एक गांव में बिजली गिरने से प्रभा पत्नी राजू झुलस गई। दोनों को अस्पताल पहुंचाया गया। कुलपहाड़ संवाद के अनुसार इंदौरा मार्ग पर रेलवे अंडरब्रिज के पास मानसिंह बकरियां चरा रहा था। तभी बिजली गिरने से नौ बकरियाें की मौत हो गई जबकि दो बकरी घायल हो गईं। वहीं, पास में चर रही जाहिर सिंह की एक बकरी भी मर गई। सूचना पर कानूनगो बदलू व लेखपाल मानवेंद्र सिंह ने घटनास्थल की जांच कर रिपोर्ट एसडीएम को सौंपने की बात कही।