तहसील चरखारी क्षेत्र में तैनात महिला लेखपाल ने बुधवार की रात फंदा लगाकर जान दे दी। वर्तमान में वह मायके में रह रही थी और तैनाती स्थल भी वहीं था। घटना के कारण स्पष्ट नहीं हो सके हैं। ससुराल व मायके पक्ष के लोगों ने अभी तक किसी पर कोई आरोप-प्रत्यारोप नहीं लगाए हैं। पुलिस आत्महत्या के कारणों की जांच कर रही है।
कस्बा चरखारी के मोहल्ला वासुदेव निवासी दीपांती पांडेय (32) की शादी 11 मार्च 2024 को शहर महोबा के हिंद टायर गली निवासी अनी तिवारी के साथ हुई थी। अनी तिवारी विकास भवन में बाबू हैं जबकि दीपांती लेखपाल के पद पर कार्यरत थीं। उसकी तैनाती तहसील चरखारी में होने के चलते वह अपने पिता हरिकिशोर के यहां रहती थी। रात को दीपांती ने कमरे में पंखे के हुक से साड़ी का फंदा लगा लिया।
जब भाई दीपांकर कमरे में पहुंचा तो बहन को फंदे पर लटकता देख उसकी होश उड़ गए। परिजनों की मदद से तत्काल उसे फंदे से नीचे उतार सीएचसी चरखारी ले जाया गया। जहां डॉक्टर ने उसे मृत घोषित कर दिया। मृतका के भाई ने बताया कि घर पर किसी प्रकार का कोई विवाद नहीं हुआ और न ही किसी तरह की कोई परेशानी थी। बहन ने यह कदम क्यों उठाया, यह किसी की समझ नहीं आ रहा है। सूचना मिलने पर तहसीलदार डॉ. रामानंद मिश्रा ने जांच कर पंचनामा भरवाया। उधर, कोतवाली प्रभारी राहुल मिश्रा का कहना है कि मायके व ससुराल पक्ष के लोगों ने कोई कारण नहीं बताया है। मामले की जांच कराई जा रही है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।